कोलकाता : कलाकार दीपक कुमार घोष की कला प्रदर्शनी ‘आइज सेज इट ऑल’ में अभिनेता सौमित्रा चटर्जी, अभिनेत्री शर्मिला टैगोर, स्वामी विवेकानंद, ओशो, डॉ एपीजे अब्दुल कलाम, लता मंगेशकर समेत अन्य कई मशहूर व्यक्तित्वों की आंखों को लेकर चित्र प्रदर्शनी आइसीसीआर में शुक्रवार को शुरू हुई. यह प्रदर्शनी 28 अगस्त तक चलेगी. अभिनेता सौमित्रा चटर्जी ने चित्रों का अवलोकन करने के बाद संवाददाताओं से कहा कि प्रदर्शनी देखकर उन्हें बहुत खुशी हुई है. खासकर शर्मिला टैगोर के चित्र काफी आकर्षक हैं.
चित्रकार दीपक कुमार घोष ने कहा कि आंखें आत्मा के लिए खिड़की की तरह होती है. आंखें मनुष्य के देह का ऐसा हिस्सा है, जो मन की बात बिना कहे ही बता देती है. उन्होंने बताया कि उनके संघर्षपूर्ण जीवन में हर प्रकार के काफी लोग आये हैं, जिन्होंने उन्हें मनुष्य की आंखें पढ़ना सीखा दिया. नये कलाकारों को संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि हमेशा बड़े सपने देखें और अपना जज खुद बने और कड़ी मेहनत करें.
श्री घोष ने बताया कि उन्होंने अपनी रचनाओं में चारकोल, एक्रिलिक और पानी के रंगों का उपयोग किया है. उनका कहना है कि उनका काम आंखों पर केंद्रित है, क्योंकि आखें मन में क्या चल रहा इसे प्रदर्शित करती है. हमारी मुस्कुराहट, गहरा दु:ख, नाराजगी, थकान सभी आंखों में झलक जाती है. आंखें आत्मा का प्रतिबिंब है.
कार्यक्रम में उपस्थित लेखक पृथ्वी राय सेन ने कहा कि यह एक असाधारण प्रदर्शनी है. हर कलाकृतियां आंखों के माध्यम से बहुत कुछ कह रही हैं. यह प्रदर्शनी सभी महान व्यक्तियों के लिए एक श्रद्धांजलि है. हम कोलकाता में दूसरे प्रदर्शनी की प्रतीक्षा में रहेंगे. कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में सुबोध राय चौधरी, पृथ्वी राज सेन, गौतम दे, अरूण शर्मा आदि उपस्थित थे.
