इस साल गिद्ध ने सात बच्चों को दिया जन्म, प्रजनन केंद्र में गिद्धों की संख्या बढ़कर 130 हुई

कालचीनी : बॉम्बे नैचुरल हिस्ट्री सोसाइटी व पश्चिम बंगाल वन विभाग की संयुक्त पहल पर बने राजाभातखावा गिद्ध प्रजनन केंद्र में गिद्ध के सात बच्चों का जन्म हुआ. इससे इस गिद्ध प्रजनन केंद्र में गिद्दों की संख्या बढ़कर 130 हो गयी है. 2005 साल में यह प्रजनन केंद्र बनाया गया है. यहां वर्तमान में तीन […]

कालचीनी : बॉम्बे नैचुरल हिस्ट्री सोसाइटी व पश्चिम बंगाल वन विभाग की संयुक्त पहल पर बने राजाभातखावा गिद्ध प्रजनन केंद्र में गिद्ध के सात बच्चों का जन्म हुआ. इससे इस गिद्ध प्रजनन केंद्र में गिद्दों की संख्या बढ़कर 130 हो गयी है. 2005 साल में यह प्रजनन केंद्र बनाया गया है. यहां वर्तमान में तीन प्रजाति के गिद्ध हैं.
इनमें ओरिएंटल ह्वाइट बैक्ड गिद्ध, स्लेंडर बिल्ड गिद्ध व लांग बिल्ड गिद्ध शामिल हैं. 1990 में इन तीन प्रजातियों के गिद्धों की संख्या काफी घट गयी थी. गिद्धों की संख्या में 99.9 फीसदी तक की कमी आ गयी थी. गिद्ध पर्यावरण को साफ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. राजाभातखावा गिद्ध प्रजनन केंद्र के मैनेजर सौम्य सुंदर चक्रवर्ती ने बताया कि 2009 साल से इस सेंटर में गिद्धों का प्रजनन शुरू हुआ. अब तक तीन प्रजाति के 57 गिद्धों का जन्म हो चुका है. इस साल सात बच्चों के जन्म से यहां इनकी संख्या 130 हो गयी है.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar digital desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >