दार्जिलिंग : पहाड़ के जो भी काले दिन थे वो अब बीत गये हैं. यह दावा करते हुए गोजमुमो अध्यक्ष तथा जीटीए प्रशासक बोर्ड के चेयरमैन विनय तमांग ने पहाड़ को बंद संस्कृति से मुक्त करने का आह्वान किया.
गोजमुमो दार्जिलिंग टाउन कमिटि ने गुरुवार को शहर के गोरखा दुख निवारक सम्मेलन भवन में दार्जिलिंग शहर को स्वच्छ, सुन्दर, शान्तिमय और अनुशासित बनाने के लिए विचार- विमर्श कार्यक्रम रखा था, जिसमें विनय तमांग विशेष रूप से उपस्थित थे. उनके अलावा मोर्चा केन्द्रीय महासचिव तथा जीटीए के वाइस चेयरमैन अनित थापा, दार्जिलिंग नगरपालिका चेयरपर्सन प्रतिभा राई, मोर्चा केन्द्रीय उपाध्यक्ष सतिश पोखरेल, युवा मोर्चा अध्यक्ष अमृत योंजन, मोर्चा दार्जिलिंग महकमा समिति अध्यक्ष आलोककांत मणि थुलुंग, नारी मोर्चा टाउन कमिटी अध्यक्ष सुषमा राई, पासांग अग्रवाल आदि की उपस्थिति रही.कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विनय तमांग ने कहा कि दार्जिलिंग पर्वतीय क्षेत्र में युगों से विभिन्न समुदायों के लोग रहते आ रहे हैं और यहां पर दुकान आदि करके अपने घर-परिवार का पालन- पोषण कर रहे हैं. लेकिन दार्जिलिंग पर्वतीय क्षेत्र में हुए बार- बार के बंद ने सभी की आर्थिक स्थिति खराब कर दी है. इसलिए अब यहां कोई बंद नहीं होगा. उन्होंने यहां तक कहा कि अगर कल मेरी मौत हो जाये और मेरे पार्टी समर्थक मेरे मरने के शोक में शहर की दुकानपाट बंद करने को बोलें, तो भी आप लोग दुकानें बंद नहीं करना. उन्होंने कहा कि अब कोई किसी व्यवसायी के काम में हस्तक्षेप नहीं करेगा. और अगर किसी ने ऐसा किया तो उस पर कड़ी कार्रवाई होगी, चाहे वह व्यक्ति हमारी पार्टी का ही क्यों न हो. अब पहाड़ में किसी की गुंडागर्दी नहीं चलेगी.
