कोलकाता.
रोजवैली समूह के करोड़ों रुपये के चिटफंड घोटाले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआइ) कर रहा है. इस मामले में सीबीआइ पहले ही सप्लीमेंटरी चार्जशीट भुवनेश्वर की एक अदालत में पेश कर चुकी है. सूत्रों की मानें, तो रोजवैली चिटफंड घोटाले को लेकर सीबीआइ की चार्जशीट में घाटाल के सांसद व इस बार लोकसभा चुनाव में यहां से तृणमूल उम्मीदवार दीपक अधिकारी (देव) के नाम का भी जिक्र है. बताया जा रहा है कि देव रोजवैली समूह के एक कार्यक्रम में शामिल हुए थे. संयोग से, देव इससे पहले वित्तीय धोखाधड़ी से जुड़े एक मामले में नयी दिल्ली स्थित प्रवर्तन निदेशालय (इडी) के मुख्यालय में भी पेश हो चुके हैं. पेशी के बाद निवर्तमान तृणमूल सांसद को यह कहते हुए सुना गया था : जो चोरी करता है, वह अच्छी तरह से जानता है कि उसने चोरी की है. मैंने किसी से एक पैसा भी नहीं लिया. मुझे कोई भय नहीं है. इसके अलावा देव का नाम मवेशी तस्करी के मामले में भी सामने आया था. देव वर्ष 2022 में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआइ) के कार्यालय में पेश हुए थे. सूत्रों के अनुसार, सीबीआइ के अधिकारी इस बात का पता लगाने की कोशिश में थे कि मवेशी तस्करी के मुख्य आरोपी एनामुल हक उर्फ इनामुल के साथ देव का कोई संबंध था या नहीं.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
