पश्चिम बंगाल के सभी सरकारी-निजी बसों के कंडक्टरों को लगाना होगा बॉडी कैम

पश्चिम बंगाल सरकार ने बसों में महिलाओं की सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है. अब सरकारी और निजी बसों के कंडक्टरों को बॉडी कैम लगाना अनिवार्य होगा. यह कदम यात्रियों और कर्मचारियों दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित करेगा. पढ़ें क्या है पूरी योजना.

महिलाओं की सुरक्षा और बसों में निगरानी व्यवस्था मजबूत करने के लिए पश्चिम बंगाल सरकार के परिवहन विभाग ने सरकारी और निजी बसों के कंडक्टरों के लिए बॉडी कैम अनिवार्य करने का फैसला किया है. परिवहन मंत्री अर्जुन सिंह ने बैरकपुर में इसका ऐलान किया. उन्होंने कहा कि एक साल के भीतर सभी बसों में सीसीटीवी कैमरा या कंडक्टर के लिए बॉडी कैम की व्यवस्था करने का लक्ष्य है.

शिकायतों पर नजर रखने के लिए होगी रिकॉर्डिंग

मंत्री ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है. बसों के नहीं रुकने, यात्रियों से पैसे लेने के बावजूद टिकट नहीं देने जैसी शिकायतें मिल रहीं थीं. बॉडी कैम के जरिये बसों में होने वाली गतिविधियों की रिकॉर्डिंग की जा सकेगी और कंट्रोल रूम से निगरानी भी की जायेगी. उन्होंने कहा कि निगरानी के लिए 20-25 लोगों की टीम 24 घंटे काम करेगी. इसके लिए हेल्पलाइन नंबर भी शुरू किया गया है.

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कंडक्टरों और यात्रियों ने किया फैसले का स्वागत

सरकार के इस फैसले का बस कंडक्टरों और यात्रियों ने स्वागत किया है. एक कंडक्टर ने कहा कि कैमरा लगने से यात्रियों के साथ-साथ कर्मचारी भी सुरक्षित रहेंगे. महिला यात्रियों ने सरकार के इस कदम को नारी सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया. शर्मिष्ठा घोष ने कहा कि अब अगर महिलाओं के साथ कुछ गलत होता है, तो इसके सबूत मौजूद रहेंगे. पुलिस को सबूत के आधार पर कार्रवाई करने में परेशानी नहीं होगी. परिवहन मंत्री अर्जुन सिंह ने कहा कि इस व्यवस्था को लागू करने से पहले निजी बस मालिकों से भी बातचीत की जायेगी.

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By मिथिलेश झा

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