West Bengal Street Namaz Ban: पश्चिम बंगाल की राजनीति में आये ‘बड़े बदलाव’ का असर अब सड़कों पर दिखने लगा है. मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली नयी भाजपा सरकार ने राज्य में कानून-व्यवस्था को लेकर अपनी प्राथमिकताएं साफ कर दी हैं.
सरकार का संदेश- अब नहीं चलेगी तुष्टीकरण की राजनीति
सरकार ने स्पष्ट संदेश दिया है कि बंगाल में अब तुष्टीकरण की राजनीति के दिन खत्म हो गये. सार्वजनिक स्थानों पर नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनायी जायेगी. विशेष रूप से सड़कों को जाम कर नमाज पढ़ने, पत्थरबाजी की घटनाओं और गौ-तस्करी जैसे संवेदनशील मुद्दों पर सरकार ने कड़ा रुख अख्तियार किया है.
- सड़क जाम कर नमाज या धार्मिक सभा करने पर रोक लगाने का निर्देश
- धार्मिक स्थलों के बाहर लाउडस्पीकर की आवाज न जाने देने का आदेश
- 2021 चुनाव बाद हिंसा के 1300 से अधिक मामलों की नये सिरे से जांच के निर्देश
- अवैध हथियार, अवैध खनन और मवेशी तस्करी के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आदेश
अब सिर्फ मस्जिदों में होगी इबादत
शुभेंदु अधिकारी की सरकार ने सार्वजनिक सुरक्षा और सुचारु यातायात को प्राथमिकता देते हुए सड़कों पर धार्मिक आयोजन रोकने के निर्देश दिये हैं. भाजपा विधायक अर्जुन सिंह ने कहा है कि सड़कों पर नमाज पढ़ने की अनुमति अब नहीं दी जायेगी. उन्होंने कहा- इबादत मस्जिदों में होनी चाहिए, सड़कों को ब्लॉक करना अब बर्दाश्त नहीं होगा.
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रेड रोड पर भी नमाज पढ़ने पर पाबंदी
कोलकाता के प्रसिद्ध रेड रोड पर होने वाले सामूहिक आयोजनों को लेकर भी सरकार ने कड़े संकेत दिये हैं. प्रशासन का कहना है कि यह निर्णय अदालती आदेशों और सार्वजनिक व्यवस्था को ध्यान में रखकर लिया गया है.
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पत्थरबाजों के खिलाफ चलेगा ‘ऑपरेशन क्लीन’
चुनाव के दौरान और उसके बाद हुई हिंसा की घटनाओं को देखते हुए मुख्यमंत्री ने पुलिस प्रशासन को खुली छूट दे दी है. पत्थरबाजी करने वाले तत्वों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने को कहा गया है. संवेदनशील इलाकों में ड्रोन और सीसीटीवी के जरिये उपद्रवियों पर नजर रखी जा रही है. सरकार का मानना है कि विकास के लिए राज्य में शांति का माहौल होना अनिवार्य है.
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गौ-तस्करी के अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट पर सर्जिकल स्ट्राइक
गौ-तस्करी को भाजपा ने चुनाव में एक बड़ा मुद्दा बनाया था. अब सरकार इस पर एक्शन मोड में है. राज्य के सभी अवैध और बिना लाइसेंस वाले पशु बाजारों को तत्काल प्रभाव से बंद करने का आदेश दिया गया है. तस्करी रोकने के लिए सीमावर्ती जिलों में विशेष पुलिस चौकियों का गठन किया गया है. कैबिनेट ने पहले ही BSF को बाड़बंदी के लिए जमीन देने की मंजूरी दी है, ताकि तस्करी के मुख्य रास्तों को सील किया जा सके.
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West Bengal Street Namaz Ban: कानून का राज स्थापित करना ही लक्ष्य
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने अधिकारियों के साथ हुई हाई लेवल बैठक में कहा कि बंगाल में संविधान और कानून का राज चलेगा. पिछली सरकार पर ‘खास वोट बैंक’ को खुश करने के लिए नियमों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि अब न्याय सबके लिए समान होगा.
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