Weather Forecast Bengal: पश्चिम बंगाल में मानसून की सक्रियता के बीच क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र कोलकाता ने अगले 15 दिनों (17 जुलाई से 30 जुलाई 2026) के लिए मौसम का स्पेशल बुलेटिन जारी किया है. इस अवधि में राज्य के कई हिस्सों में भारी से अत्यंत भारी बारिश होने की संभावना जतायी गयी है. लगातार हो रही बारिश और सक्रिय मौसमी प्रणालियों के कारण राज्यभर के तापमान में भी गिरावट की उम्मीद है.
सबसे ज्यादा वर्षा कहां होगी?
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 15 दिनों में सबसे ज्यादा और मूसलाधार बारिश उत्तर बंगाल (North Bengal) के जिलों में दर्ज की जायेगी. 17 से 23 जुलाई के दौरान उत्तर बंगाल के जिलों में 7 से 20 सेंटीमीटर तक वर्षा हो सकती है. खासकर अलीपुरदुआर और कलिम्पोंग जिलों में कुछ स्थानों पर 20 सेंटीमीटर से भी अधिक बारिश होने की आशंका है. कूचबिहार, जलपाईगुड़ी और दार्जिलिंग में भी अत्यधिक वर्षा की चेतावनी दी गयी है.
दक्षिण बंगाल में भी कुछ जगहों पर भारी वर्षा होगी
दक्षिण बंगाल के जिलों में भी हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा (7-11 सेमी) होगी. 24 से 30 जुलाई के बीच बंगाल की खाड़ी में बनने वाले नये कम दबाव के क्षेत्र (Low-Pressure Area) के चलते दक्षिण बंगाल के तटीय जिलों में भी बारिश की तीव्रता बढ़ जायेगी.
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तापमान कहां रहेगा सबसे अधिक और कैसा रहेगा पारा?
आमतौर पर पश्चिम बंगाल के पश्चिमी जिलों (जैसे पुरुलिया, बांकुड़ा, पश्चिम बर्धमान और बीरभूम) में इस सीजन में तापमान अधिक रहता है. हालांकि, मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन में कहा गया है कि अगले 2 हफ्तों तक लगातार चलने वाली तेज हवाओं (30-40 किमी/घंटा), गरज-चमक और लगातार वर्षा के चलते राज्य के किसी भी हिस्से में लू (Heatwave) जैसी स्थिति नहीं रहेगी.
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सामान्य से नीचे रहेगा तापमान
पहले सप्ताह (17 से 23 जुलाई) में उत्तर बंगाल में तापमान सामान्य से काफी कम रहेगा, जबकि दक्षिण बंगाल में यह सामान्य के आसपास बना रहेगा. बादलों की आवाजाही और रुक-रुककर होने वाली बारिश के कारण उमस भरी गर्मी से लोगों को राहत मिलेगी. प्रशासन ने उत्तर बंगाल के पहाड़ी इलाकों में रहने वाले लोगों को भू-स्खलन (Landslides) और निचले इलाकों में जलजमाव से सतर्क रहने को कहा है.
