TMC के बागी सांसद बसुनिया का दावा- भाजपा में शामिल होंगे 17 सांसद, शमिक भट्टाचार्य का इनकार

तृणमूल कांग्रेस के बागी सांसद जगदीश चंद्र वर्मा बसुनिया ने दावा किया है कि 20 में से 17 सांसद भाजपा में शामिल हो जायेंगे. हालांकि, पश्चिम बंगाल प्रदेश भाजपा अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने इस दावे को सिरे से खारिज कर दिया है. जानिए क्या है पूरा मामला.

तृणमूल कांग्रेस के बागी नेता एवं कूचबिहार से लोकसभा सांसद जगदीश चंद्र बर्मा बसुनिया ने सोमवार को दावा किया कि टीएमसी छोड़कर एनसीपीआई में शामिल होने वाले 20 में से 17 सांसद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल हो जायेंगे. उन्होंने कहा कि अक्टूबर में दुर्गा पूजा से पहले या उसके बाद ये सभी लोग बीजेपी का झंडा थामेंगे. हालांकि, पश्चिम बंगाल प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने उनके दावे को खारिज कर दिया है.

‘दलबदल रोधी कानून के दायरे में नहीं आयेंगे’

बसुनिया ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि इन 17 सांसदों ने एक साथ भाजपा में शामिल होने की योजना को अंतिम रूप दे दिया है. टीएमसी के बागी सांसद ने दावा किया कि सामूहिक रूप से दल बदलने पर वे दलबदल रोधी कानून के दायरे में नहीं आयेंगे.

हम 17 सांसद एक साथ भाजपा में जा रहे हैं. चूंकि 20 सदस्यों में से दो-तिहाई से अधिक सांसद दल बदल रहे हैं. इसलिए दलबदल रोधी कानून हम पर लागू नहीं होगा. -जगदीश चंद्र बर्मा बसुनिया, टीएमसी छोड़कर एनसीपीआई में शामिल हुए सांसद

‘कार्रवाई से बचने के लिए 14 सांसदों का साथ आना जरूरी’

तृणमूल के 20 असंतुष्ट सांसदों ने 14 जून 2026 को नेशनलिस्ट सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) में विलय की घोषणा की थी. इसके साथ ही इन सांसदों ने सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को समर्थन देने का ऐलान कर दिया था. दो-तिहाई का आंकड़ा पूरा करने के लिए बागी 20 सांसदों में से कम से कम 14 सांसदों का साथ जाना जरूरी है. तभी वे अयोग्यता का सामना करने से बच पायेंगे.

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3 अल्पसंख्यक सांसद बाहर से करेंगे एनडीए का समर्थन : बसुनिया

बसुनिया ने कहा कि हालांकि, इन 20 सांसदों में से अल्पसंख्यक समुदाय से आने वाले 3 सांसद औपचारिक रूप से भाजपा में शामिल नहीं होंगे, क्योंकि उनके निर्वाचन क्षेत्रों में राजनीतिक और प्रशासनिक परिस्थितियां इसके अनुकूल नहीं हैं. उन्होंने दावा किया कि सांसद अबू ताहेर खान, खलीलुर रहमान और यूसुफ पठान बाहर से एनडीए को समर्थन देंगे. बदले में उन्हें महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां या विभाग दिये जा सकते हैं.

विरोध झेल चुके हैं उत्तर बंगाल के बागी टीएमसी सांसद

बसुनिया का यह बयान उनके और उनकी पत्नी तृणमूल विधायक संगीता रॉय के कूचबिहार के सिताई स्थित पैतृक घर लौटने पर विरोध-प्रदर्शन का सामना किये जाने के कुछ दिन बाद आया है. बसुनिया के राजनीतिक रुख में बदलाव की आलोचना के बीच स्थानीय लोगों और भाजपा कार्यकर्ताओं ने दंपती के खिलाफ प्रदर्शन किया था.

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लगातार सफाई दे रहे हैं बसुनिया

इस दौरान उनके आवास के पास स्थित तृणमूल के एक कार्यालय में भी कथित तौर पर आग लगा दी गयी थी. बसुनिया लगातार यह कहते रहे हैं कि अब उनका तृणमूल से कोई संबंध नहीं है और वह एनडीए के साथ हैं.

TMC के बागी सांसदों भाजपा में शामिल करने का इरादा नहीं : शमिक

पश्चिम बंगाल प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने जगदीश चंद्र बर्मा बसुनिया के इस दावे को सिरे से खारिज कर दिया है. उन्होंने कहा है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ऐसी कोई योजना नहीं है. वर्ष 2021 के विधानसभा चुनाव के बाद जिन लोगों ने भाजपा कार्यकर्ताओं की हत्या की, उन्हें प्रताड़ित किया, पार्टी की महिला कार्यकर्ताओं के साथ दुर्व्यवहार किया, वैसे लोगों को पार्टी में शामिल नहीं किया जायेगा.

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