ओएमआर शीट जारी करने की मांग को लेकर तीन शिक्षक अनिश्चितकालीन अनशन पर

पश्चिम बंगाल में उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद नौकरी गंवाने वाले तीन ‘योग्य’ शिक्षकों ने शुक्रवार को पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग (एसएससी) भवन के बाहर अपना अनिश्चितकालीन अनशन जारी रखा.

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कोलकाता. पश्चिम बंगाल में उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद नौकरी गंवाने वाले तीन ‘योग्य’ शिक्षकों ने शुक्रवार को पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग (एसएससी) भवन के बाहर अपना अनिश्चितकालीन अनशन जारी रखा. इन शिक्षकों ने दागी और बेदाग उम्मीदवारों के बीच तत्काल सीमांकन की मांग की. शिक्षकों ने गुरुवार को अनशन शुरू किया था.

पंकज रॉय, सुमन विश्वास, और प्रताप कुमार साहा नामक तीनों शिक्षकों ने कहा कि वे तब तक अपना अनशन जारी रखेंगे, जब तक एसएससी 2016 पैनल के 25,753 अभ्यर्थियों की ओएमआर सूची प्रकाशित नहीं करता और योग्य और अयोग्य अभ्यर्थियों की संख्या घोषित नहीं करता. पंकज रॉय ने कहा, ‘मैं मालदा के सलाईडांगा हाइस्कूल में राजनीति विज्ञान का शिक्षक हूं और मेरे पास छह साल का अनुभव है. मैं दागी नहीं हूं.’ नक्काशीपाड़ा हाइस्कूल की शिक्षक सुमन विश्वास ने कहा, ‘यह आंदोलन तब तक खत्म नहीं होगा, जब तक एसएससी आधिकारिक तौर पर हमें योग्य घोषित नहीं कर देता.’

सागरदीघी ब्लॉक के एक स्कूल के दृष्टिबाधित शिक्षक रवींद्रनाथ साहा की भी छह साल की सेवा के बाद नौकरी चली गयी है. श्री साहा ने कहा, ‘हालांकि उच्चतम न्यायालय ने अपने आदेश में हम जैसे अभ्यर्थियों के लिए कुछ रियायतें दी हैं, लेकिन यह केवल अस्थायी राहत है.’

उन्होंने कहा, ‘हमें अभी तक एसएससी या स्कूल शिक्षा विभाग से कोई अधिसूचना प्राप्त नहीं हुई है.’

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By AKHILESH KUMAR SINGH

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