पूर्व न्यायाधीश अभिजीत गांगुली के बयान से गरमायी राजनीति

इसी बीच विधानसभा अध्यक्ष बिमान बनर्जी ने उन्हें तृणमूल कांग्रेस में शामिल होने का न्योता दिया है.

कोलकाता. कलकत्ता हाईकोर्ट के पूर्व न्यायाधीश अभिजीत गांगुली एक बार फिर सुर्खियों में हैं. उनके हालिया बयानों ने राज्य की राजनीति में नयी हलचल पैदा कर दी है और भाजपा खेमे में बेचैनी बढ़ा दी है. इसी बीच विधानसभा अध्यक्ष बिमान बनर्जी ने उन्हें तृणमूल कांग्रेस में शामिल होने का न्योता दिया है. बिमान बनर्जी ने रविवार को बारुईपुर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि अगर अभिजीत गांगुली वास्तव में राज्य के विकास के लिए काम करना चाहते हैं, तो उन्हें तृणमूल कांग्रेस में शामिल हो जाना चाहिए. गौरतलब है कि अभिजीत गांगुली ने 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले हाईकोर्ट के जज पद से इस्तीफा देकर भाजपा का दामन थाम लिया था. जज रहते हुए उन्होंने शिक्षक नियुक्ति घोटाले जैसे मामलों में कई अहम फैसले सुनाये थे, जिनके बाद सीबीआइ जांच शुरू हुई थी. भाजपा में शामिल होने के बाद उनके इस कदम की व्यापक चर्चा और आलोचना हुई थी. हाल ही में एक मीडिया इंटरव्यू में गांगुली ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा में शामिल होने की उनकी मंशा पूरी नहीं हो सकी. उन्होंने तमलुक के सांसद को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया. इस बयान के बाद भाजपा नेतृत्व में हलचल मच गयी और शनिवार को साॅल्टलेक स्थित पार्टी कार्यालय में इस विषय पर बैठक भी हुई. सूत्रों के अनुसार, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य जल्द ही अभिजीत गांगुली से मुलाकात कर सकते हैं. इस बीच, पूर्व न्यायाधीश ने हिंदी पट्टी के नेताओं पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि दिल्ली के नेता बंगाल के मन को नहीं समझ सकते. अभिजीत गांगुली के इस बयान ने बंगाल की सियासत में नये समीकरणों की संभावना को जन्म दे दिया है.

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By GANESH MAHTO

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