पश्चिम बंगाल : ममता सरकार का फैसला, इमारतों की फायर फीस में हुई 90 फीसदी तक की कटौती

कोलकाता : राज्य के वित्त मंत्री अमित मित्रा ने फायर फीस में 90 फीसदी से अधिक की कमी किये जाने की घोषणा की. राज्य सचिवालय नबान्न में संवाददाताओं से बातचीत में श्री मित्रा ने बताया कि राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को अरसे से छोटे व्यवसायियों की ओर से इस संबंध में अनुरोध किया जाता […]

कोलकाता : राज्य के वित्त मंत्री अमित मित्रा ने फायर फीस में 90 फीसदी से अधिक की कमी किये जाने की घोषणा की. राज्य सचिवालय नबान्न में संवाददाताओं से बातचीत में श्री मित्रा ने बताया कि राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को अरसे से छोटे व्यवसायियों की ओर से इस संबंध में अनुरोध किया जाता रहा है.

उनका कहना था कि फायर फीस के बेहद अधिक होने से उन्हें भारी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है. लिहाजा फायर विभाग तथा वित्त विभाग ने इस संबंध में बैठक की और शुल्क में कमी लाने का फैसला किया.

वर्ष 2017 से धर्मशाला, पुस्तकालय, म्यूजियम, आर्ट गैलरी जो 14.5 मीटर से अधिक ऊंची हैं, उनके लिए फायर फीस प्रति वर्ग मीटर 53.80 रुपये या 25 हजार रुपये, इनमें से जो भी अधिक हो, वह लगता था. अब वह महज 4.35 रुपये प्रति वर्ग मीटर होगा.

अस्पताल, नर्सिंग होम, गेस्ट हाउस, रिसर्च लैब के लिए प्रति वर्ग मीटर 80.70 रुपये या कुल 30 हजार रुपये, इनमें से जो भी अधिक हो, वह लगता था. अब इनकी फायर फीस 6.52 रुपये प्रति वर्ग मीटर की गयी है. पोर्ट, एयरपोर्ट टर्मिनल, शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, ऑफिस परिसर की फायर फीस 107.60 रुपये प्रति वर्ग मीटर से घटाकर 8.70 रुपये प्रति वर्ग मीटर की गयी है.

जिन कारखानों में ज्वलनशील पदार्थ या खतरनाक रासायनिकों को लेकर काम होता था वहां फायर फीस 141 रुपये प्रति वर्ग मीटर से घटाकर 13.50 रुपये प्रति वर्ग मीटर किया गया है. श्री मित्रा ने कहा कि फायर विभाग एक परिसेवा प्रदान करने वाली संस्था है, कमाई करने वाली संस्था नहीं. इस फैसले से छोटे उद्योगों को काफी फायदा पहुंचने की आशा श्री मित्रा ने जतायी है.

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