चुनावी मुद्दों से गायब रहा पर्यावरण

कोलकात : हाल में ही देश में लोकसभा चुनाव संपन्न हुआ है. इस दौरान विभिन्न राजनीतिक दलों ने ताबड़तोड़ कई लुभावने वादे भी किये, लेकिन इन सबके बीच सबसे ज़रूरी मुद्दा छूट गया. वह है पर्यावरण की बिगड़ती हालत. किसी पार्टी के ओर से इस मुद्दे को उठाया तक नहीं गया. पेशे से साइबर सिक्योरिटी […]

कोलकात : हाल में ही देश में लोकसभा चुनाव संपन्न हुआ है. इस दौरान विभिन्न राजनीतिक दलों ने ताबड़तोड़ कई लुभावने वादे भी किये, लेकिन इन सबके बीच सबसे ज़रूरी मुद्दा छूट गया. वह है पर्यावरण की बिगड़ती हालत. किसी पार्टी के ओर से इस मुद्दे को उठाया तक नहीं गया. पेशे से साइबर सिक्योरिटी एक्सपर्ट नीरज अग्रवाल ने इस बार लोकसभा चुनाव में दक्षिण कोलकाता सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा था.

हालांकि वे हार गये. जिसे मुद्दे के साथ वह चुनाव मैदान में उतरे थे, वह अपने आप में अनोखी बात है. श्री अग्रवाल अपने घोषणा पत्र में पर्यावरण के मुद्दे को शामिल किया था. इस संबंध में श्री अग्रवाल कहते हैं कि राजनीतिक इच्छा शक्ति से ही हम स्वच्छ पर्यावरण की कल्पना कर सकते हैं. वहीं हर व्यक्ति के व्यक्तिगत योगदान की भी जरूरत है. केवल रोटी, कपड़ा और मकान के साथ काला धन वसूली से बात नहीं बननेवाली. सरकार सहित विभिन्न विपक्षी दलों को भी अपने स्वार्थ से इतर पर्यावरण के विषय में सोचना चाहिए.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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