Kanchanjunga Train Accident : कंचनजंगा ट्रेन हादसे में मरने वालों की संख्या हुई 10

पश्चिम बंगाल के न्यू जलपाईगुड़ी के पास हुए ट्रेंन हादसे में 10 लोगों की मौत हो गई है और करीब 47 यात्री घायल हैं.

Kanchanjunga Train Accident : पश्चिम बंगाल में 17 जून को हुए ट्रेन हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर 10 हो गई है. सोमवार को हुए इस हादसे में 9 लोगों की मौत हुई थी और 47 यात्री घायल हो गए थे. मंगलवार को 20 वर्षीय युवक विजय राय की मौत हो गई जिससे कि यह मौत 10 हो गई.

जेनरल बोगी में सफर कर रहा था विजय

विजय राय ट्रेन की जेनरल बोगी में सवार होकर यात्रा कर रहा था. इस दौरान हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया. इलाज के दौरान विजय की मौत हो गई. पूर्वोतर-सीमांत रेलवे की पीआरओ साब्यसांची ने इस बात की पुष्टि की है.

सोमवार को हुआ था हादसा

17 जून सोमवार को कंचनजंगा एक्सप्रेस मालगाड़ी से टकरा गई थी. यह गाड़ी अग्रतल्ला से सियालदह जा रही थी. इसी क्रम में पीछे आ रही मालगाड़ी ने टक्कर मार दी. यह हादसा न्यू जलपाईगुड़ी से सात किलोमीटर दूर रंगापानी स्टेशन के पास हुआ. हादसा इतना जबरदस्त था कि दो डिब्बे पटरी से उतर गए और मालगाड़ी का इंजन फंस गया. इस हादसे में ट्रेन के गार्ड और मालगाड़ी के लोको पायलट की भी मौत हो गई. हादसे के बाद यात्रियों में चीख-पुकार मच गई.

मुआवजे का एलान

ट्रेन हादसे के बाद मौके पर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव पहुंचे. उन्होंने घटनास्थल पर जानकारी ली और मरने वालों के परिजनों के लिए 10 लाख रुपए की मुआवजे राशि की घोषणा की. गंभीर रूप से घायलों के लिए 2.5 लाख देने की घोषणा की और हल्के रूप से घायलों को 50 हजार रूपए दिए जाएंगे. इस हादसे में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया और कहा कि सरकार का सारा ध्यान चुनाव लड़ने की ओर है.

Also Read : West Bengal Train Accident : सीएम ममता बनर्जी ने बीजेपी पर बोला बड़ा हमला, कहा-केंद्र सरकार का पूरा ध्यान सिर्फ चुनाव लड़ने पर

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Kunal Kishore

कुणाल ने IIMC , नई दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा की डिग्री ली है. फिलहाल, वह प्रभात खबर में झारखंड डेस्क पर कार्यरत हैं, जहां वे बतौर कॉपी राइटर अपने पत्रकारीय कौशल को धार दे रहे हैं. उनकी रुचि विदेश मामलों, अंतरराष्ट्रीय संबंध, खेल और राष्ट्रीय राजनीति में है. कुणाल को घूमने-फिरने के साथ पढ़ना-लिखना काफी पसंद है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >