ऋण की राशि में गबन को लेकर एसएचजी की महिलाएंं सड़क पर

अंडाल थाना क्षेत्र के रामप्रसादपुर के नजीराबाद में 10 स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) के लिए ऋण व अन्य कार्यों में सहयोग करनेवाली दो पर्यवेक्षकों के खिलाफ महिलाओं ने सड़क पर उतर कर प्रतिवाद जताया.

दो पर्यवेक्षक महिलाओं के खिलाफ अंडाल थाने में की शिकायत, जांच में जुटी पुलिस

प्रतिनिधि, अंडाल.

अंडाल थाना क्षेत्र के रामप्रसादपुर के नजीराबाद में 10 स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) के लिए ऋण व अन्य कार्यों में सहयोग करनेवाली दो पर्यवेक्षकों के खिलाफ महिलाओं ने सड़क पर उतर कर प्रतिवाद जताया. आरोप लगाया कि चांदनी खातून व रेणु मंडल नामक पर्यवेक्षकों ने एसएचजी के लिए पास हुई ऋण की राशि में गबन किया है. विरोध प्रदर्शन के बाद एसएचजी की महिलाओं ने दोनों आरोपी पर्यवेक्षकों के खिलाफअंडाल थाने में शिकायत की, जिसके आधार पर पुलिस मामले की जांच में जुट गयी है. पीड़ित महिलाओं ने बीते रविवार को अंडाल बीडीओ से संपर्क कर राहत मांगी थी. अंडाल बीडीओ देबांजन दत्ता और जिला परिषद कर्माध्यक्ष कालोबरन मंडल ने आश्वासन भी दिया था कि वे मामले की जांच करेंगे और जरूरी कार्रवाई करेंगे.

गुरुवार को समूह की सदस्यों ने अंडाल थाने में दोनों आरोपी पर्यवेक्षकों के खिलाफ ऋण की राशि हड़पने की शिकायत की. मीना खातून व शबनम खातून ने बताया कि नजीराबाद क्षेत्र में 10 स्वयं सहायता समूह हैं. हर समूह में न्यूनतम 10 सदस्य होते हैं, दो पर्यवेक्षक चांदनी खातून और रेणु मंडल पर समूहों की देखभाल की जिम्मेदार है. आरोप लगाया कि समूह के नाम पर बैंकों से ऋण लिया गया, कुल ऋण राशि लगभग एक करोड़ 80 लाख रुपये की बतायी जा रही है. समूह के सदस्य नियमित रूप से ऋण चुकाती थी राशि पर्यवेक्षकों को सौंपते थे लेकिन वह पैसा बैंक में जमा नहीं किया गया मामला तब प्रकाश में आया जब बैंक ने समूह के सदस्यों को पत्र भेजकर ऋण चुकाने को कहा, जब सदस्य इस मुद्दे के बारे में पर्यवेक्षकों से पूछते हैं तो वे यह कहकर टाल देते हैं कि उन्हें इसके बारे में कुछ भी पता नहीं है,इसके बाद अंडाल बीडीओ और जिला परिषद के उपाध्यक्ष कालोबरन मंडल ने समूह के सदस्यों की शिकायत सुनने के बाद उन्होंने समस्या के समाधान का आश्वासन दिया था,लेकिन स्वंय सहायता समूह की सदस्यों ने यह आरोप लगाते हुए कहा कि वादे के अनुसार कुछ भी नहीं किया गया, समूह के सदस्यों ने गुरुवार को अंडाल पुलिस स्टेशन में दो आरोपी पर्यवेक्षकों के खिलाफ ऋण राशि गबन करने की शिकायत दर्ज करायी.

गबन की इस घटना ने राजनीतिक रंग भी ले लिया है, सीपीएम नेताओं का एक दल गुरुवार को अपने सदस्यों के साथ पुलिस स्टेशन में देखा गया, सीपीएम नेता सुब्रत सिद्धार्थ और देबमिता सरकार ने कहा कि राज्य में फिलहाल कटमनी की सरकार चल रही है, नेताओं की मदद से असहाय समूह सदस्यों का पैसा भी हड़पा जा रहा है. उन्होंने बताया कि समूह के ठगी गई सदस्यों का मामला बीडीओ और जिला परिषद के उपाध्यक्ष के ध्यान में लाया गया, वे आरोपियों को छिपाने की कोशिश कर रहे हैं, यही कारण है कि उन्हें अब तक पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराने की अनुमति नहीं दी गई है, जवाब में तृणमूल ब्लॉक अध्यक्ष और जिला परिषद कर्माध्यक्ष कालोबरन मंडल ने कहा कि वह यह सुनिश्चित करने का प्रयास कर रहे हैं कि ठगे गए लोगों को उनका पैसा वापस मिल जाए बीडीओ ने मामले की जांच के लिए एक अधिकारी नियुक्त किया है, पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराने के संबंध में कालोबरन बाबू ने कहा कि कोई भी व्यक्ति पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज करा सकता है.मुझे उम्मीद है कि पुलिस जांच करेगी और आवश्यक कार्रवाई करेगी.

कालोबरन बाबू ने कहा, “हम यह भी चाहते हैं कि गरीब लोगों को उनका पैसा वापस मिले.

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