भाजपा नेता जितेंद्र तिवारी के जनसंपर्क अभियान के दौरान चंद्रडांगा गांव में बंद रहे घर के दरवाजे

भाजपा नेता जितेंद्र तिवारी दुर्गापुर फरीदपुर ब्लॉक के गोगला इलाके के चंद्रडांगा गांव में एक जनसंपर्क कार्यक्रम में गये थे.

पांडवेश्वर.

भाजपा नेता जितेंद्र तिवारी दुर्गापुर फरीदपुर ब्लॉक के गोगला इलाके के चंद्रडांगा गांव में एक जनसंपर्क कार्यक्रम में गये थे. लेकिन चंद्रडांगा गांव के लोगों ने अपने घरों के मुख्य दरवाजे को बंद रखा. कोई घर से बाहर नही निकला.

शोले के गब्बर से तुलना

यह देखकर जितेंद्र तिवारी ने स्थानीय विधायक पर तंज कसते हुए कहा, नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती ने गांव वालों को डराकर रखा है. असल में नरेंद्रनाथ शोले फिल्म के गब्बर सिंह हैं. जैसे शोले फिल्म में अगर कोई बच्चा दूध नहीं पीना चाहता तो उसकी मां कहती है पी ले बेटा नहीं तो गब्बर आ जायेगा. यही हाल चंद्रडांगा गांव में है. उन्हें डर है कि नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती आ जायेगा. गब्बर सिंह से पूरा गांव डरा हुआ रहता है. लोग सोचते हैं कि बाहर आये तो नरेंद्रनाथ गब्बर नाराज हो जायेगा,

नरेंद्रनाथ का पलटवार

इधर विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती ने सवाल उठाया, ‘जिसके डर से गांव वालों ने दरवाजा नहीं खोला वही असली गब्बर सिंह है. जिस डाकुओं के सरदार गब्बर से गांव वाले डरे सहमे हैं और उन्हें देखकर दरवाजे खोलने से डर गये, वह गब्बर चंद्रडांगा गांव गया और मुझे गब्बर कहा जा रहा है. असल में चंद्रडांगा गांव के लोगों ने पांच साल बाद अचानक एक अनजान आदमी को देखा और उसके कुछ साथियों को देखकर सोचा कि गांव में डाकू आये हैं. इसलिए उन्होंने डर से दरवाजे नहीं खोले’. नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती ने भाजपा नेता जितेंद्र कुमार तिवारी का नाम लेने की बजाय उन्हें ‘डाकू का सरदार’ कहकर तंज कसा.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: AMIT KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >