कड़ाई. गरमी के दिनों में निगम इलाके में पेयजल सप्लाइ बनाये रखने पर ननि प्रशासन रेस
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आसनसोल में मुख्य समस्या जल संकट बताया था. नगर निगम प्रशासन ने इलाके में जल संकट न होने देने के लिए कमर कस ली है. पिछले साल की कमियों को दूर करने के लिए लगातार समीक्षा बैठक शुरू की गयी है. लापरवाह कर्मियों की नकेल कसी जा रही है. इसी प्रक्रिया में चार सुपरवाइजर निलंबित हो गये.
आसनसोल. शुरू हो गयी गरमी में आसनसोल नगर निगम इलाके में नागरिकों को जल संकट न होने देने के मेयर जितेन्द्र तिवारी के निर्देश पर जल सप्लाइ विभाग रेस हो गया है.
मेयर परिषद सदस्य (जल सप्लाई) पूर्णशशि राय ने बुधवार को इस मुद्दे पर अधीक्षण अभियंता सुकमल मंडल की मौजूदगी में विभागीय अभियंताओं, सुपरवाइजरों तथा विभागीय कर्मियों के साथ समीक्षा बैठक की. इसमें कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप में चार सुपरवाइजरों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया. मेयर श्री तिवारी ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि नागरिक सुविधाओं में बाधक तथा लापरवाह आधिकारियों तथा कर्मियों को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा. आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि गर्मियों में नगर निगम संलग इलाकों में पेयजल की पर्याप्त सप्लाइ सामान्य बनाये रखने के लिए मेयर परिषद सदस्य (जल सप्लाइ) श्री राय ने निगम के अधीक्षण अभियंता सुक मल मंडल, वाटर विभाग के इंजीनियर सुकुमार दे एवं वाटर विभाग के सुपरवाइजरों एवं कर्मियों की निगम मुख्यालय में समीक्षा बैठक की. श्री राय ने कहा कि पिछले वर्ष तमाम परेशानियों के बीच निगम के किसी भी वार्ड में पेयजल को लेकर किसी प्रकार की समस्या नहीं होने दी गयी थी. इस वर्ष भी गर्मियों में आम जनता को पेयजल को लेकर समस्या न हो, इसके लिए वाटर विभाग के प्रत्येक अधिकारी तथा कर्मी को कड़ी मशक्कत करनी होगी. उन्होंने सुपरवाइजरों, ऑपरेटरों से कार्य संबंधी समस्याएं सुनी तथा उनके समाधान की दिशा में सुझाव मांगे. श्री राय ने कहा कि निगम अंतर्गत आसनसोल स्थित 12 वाटर रिजर्वरों यथा – हीरापुर, श्यामबांध, बुधा में दो, जिला अस्पताल के निकट, मोहिशीला, कोर्ट, पोलो ग्राउंड, ध्रुवडंगाल, बड़तोड़िया, कुमारपुर, धदका में दो, बागबंदी, शीतला के कर्बला स्थित वाटर रिजर्वरों में लगातार मरम्मत हो रही है. वाटर विभाग के अधिकारियों तथा क र्मचारियों को हाइ अलर्ट पर रखा गया है. रिजर्वरों के पंपों, वॉल्व की लगातार जांच की जा रही है ताकि जल सप्लाइ लगातार सामान्य रहे. उन्होंने कहा कि वाटर विभाग के चार सुपरवाइजरों को गैर जिम्मेराना व्यवहार के लिए निलंबित कर दिया.
बोरो तीन में कार्यरत सुपरवाइजर स्वपन गोराई, बोरो संख्या चार के सुपरवाइजर शिवप्रसाद राव व सत्यभान राय तथा बोरो संख्या पांच में कार्यरत शातल बनर्जी को एक-एक माह के लिए निलंबित कर दिया गया. समीक्षा बैठक में शामिल होने के लिए सभी सुपरवाइजरों को 12 बजे का समय दिया गया था. इन चार सुपरवाइजरों को छोड़ कर सभी निर्धारित समय से पहुंचे. लेकिन ये चारों दोपहर दो बजे पहुंचे और देर होने का कारण पूछे जाने पर विवाद शुरू कर दिया. इसके बाद ही इन्हें निलंबित कर दिया गया. उन्होंने कहा कि इन चार सुपरवाइजरों के खिलाफ मेयर के पास लगातार शिकायतें मिल रही थीं. इन सुपरवाइजरों के विरोध काम के दौरान कार्य स्थल से गायब रहने, डयूटी को लेकर गैर जिम्मेदाराना रवैया अपनाने तथा मन लगाकर काम न करना आदि की शिकायतें हैं.
ननि चेयरमैन ने किया वाटर रिजर्वर का मुआयना
एमएमआइसी (जल सप्लाइ) श्री राय ने बुधवार को नगर निगम के चेयरमैन अमरनाथ चटर्जी के साथ कालाझरिया वाटर रिजर्वर का मुआयना किया. श्री राय ने कहा कि कालाझरिया पंप हाउस के निकट निगम स्तर से मिनरल वाटर प्रोजेक्ट स्थापित करने की योजना है. प्रोजेक्ट स्थल तथा ढांचागत परिसेवाओं आदि का निरीक्षण किया गया. उन्होंने कहा कि सफर के दौरान मिनरल वाटर यात्रियों की जरूरत का हिस्सा बन गया है. ट्रेन, बस आदि के सफर के दौरान साफ स्वच्छ पानी के रूप में बोतल बंद मिनरल वाटर की मांग दिनों दिन बढ़ रही है. धार्मिक एवं सामाजिक आयोजनों यथा – विवाह, पूजा पाठ के अवसर पर भी प्रसाद के साथ मिनरल वाटर देने का चलन बढ़ा है. इसको ध्यान में रखते हुए निगम मिनरल वाटर प्लांट बनायेगा. इससे निगम को आर्थिक लाभ मिलेगा और राजस्व बढ़ेगा. प्लांट के बजट व अन्य तकनीकी पहलूओं पर काम चल रहा है.
