लोगों ने नयी उम्मीदों के साथ नये साल का किया स्वागत

दुर्गापुर : नयी उम्मीदों के साथ आज साल की पहली सुबह हुई. रात भर जश्न मनाने के बाद सुबह से ही मंदिरों में लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी. शिल्पांचल व इसके आसपास के इलाके में लोगों ने नववर्ष की शुरुआत बुधवार को ईश्वर से आशीर्वाद लेने के साथ की. नववर्ष के मौके पर मंदिर और […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | January 2, 2020 2:38 AM

दुर्गापुर : नयी उम्मीदों के साथ आज साल की पहली सुबह हुई. रात भर जश्न मनाने के बाद सुबह से ही मंदिरों में लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी. शिल्पांचल व इसके आसपास के इलाके में लोगों ने नववर्ष की शुरुआत बुधवार को ईश्वर से आशीर्वाद लेने के साथ की. नववर्ष के मौके पर मंदिर और देवालयों में बुधवार सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी गयी. साल के पहले दिन सभी अपने आराध्य की पूजा अर्चना कर नववर्ष के मंगलमय होने की कामना करते दिखे.

छोटे जहां पूजन के बाद बड़ों का आशीर्वाद लिया तो वहीं बड़े छोटों पर अपार स्नेह लुटाते नजर आए. शहर के भिरिंगी स्थित काली मंदिर सहित आसपास के मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ सुबह से ही उमड़ने लगी. काली मंदिर में सुबह से ही भक्तों की लाइन लगनी शुरु हो गई थी. जो दिन भर जारी रही.

रात में हुई आतिशबाजी, बधाई देने का सिलसिला जारी रहा. मंगलवार की रात जैसे ही 12 बजे लोगों ने नववर्ष का बड़े ही गर्मजोशी से स्वागत किया. 31 दिसंबर की रात के 11 बजकर 59 वें मिनट के आखिरी 10 सेकंड को देश भर के साथ शहर के लोगों ने एक साथ काउंट डाउन किया और घड़ी में 12 बजते ही नए वर्ष साल 2020 का स्वागत किया.

मंगलवार को देर रात तक चले आयोजनों में नए वर्ष के स्वागत में रंगारंग कार्यक्रमों की धूम रही. वहीं बुधवार सुबह से ही मंदिरों में पूजा अर्चना कर श्रद्धालु अपने सुखमय भविष्य की कामना की. इधर देर रात से ही बधाई का सिलसिला जारी रहा. फेसबुक, ट्वीटर, वाह्ट्सअप और एसएमएस के माध्यम से लोग अपनों की कुशलता जानते हुए बधाई दी.

दुर्गापुर के विभिन्न पार्कों में सुबह से ही सैलानियों की भीड़ उमड़ने लगी. दुर्गापीर इस्पात नगरी स्थित मोहन कुमार मंगलम पार्क, सिटी सेंटर के आन्नद एम्यूजमेंट पार्क, साइंस पार्क, दुर्गापुर बैराज, नाचन डैम, देउल पार्क, हुचुकडांगा जैसे प्रमुख पिकनिक स्थलों पर जिला के विभिन्न जगहों से आएं लोग पूरे परिवार के साथ झूले, सैर सपाटा, पिकनिक, बोटिंग का जमकर आनंद उठाते दिखे. पार्कों में आने वाले सैलानियों की सुविधा और नववर्ष में उनके आनंद की मनोदशा को ध्यान में रखते हुए सभी पार्कों को विशेष रूप से सुसज्जित किया गया था.