आसनसोल संसदीय सीट से टीएमसी उम्मीदवार मुनमुन सेन का प्रभात खबर से की बातचीत
अभिनेत्री ने कहा, जीती तो यहां के बंद कल-कारखानों को खुलवाने का होगा प्रयास
दीदी जो ठान लेती है वह कर कर दिखाती है
रानीगंज : आसनसोल लोकसभा संसदीय सीट के टीएमसी उम्मीदवार मुनमुन सेन ने प्रभात खबर को साक्षात्कार देते हुए बताया कि बीते दिन बाबुल सुप्रियो ने एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान कहा कि कि मैंने चूड़ियां पहनकर नहीं रखी है क्या चूड़ी पहनने वाली कमजोर होती है के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि इस चुनाव में बाबुल सुप्रियो को यहां की जनता संखा पोला पहनाकर वापस भेज देगी.
उन्होने बताया कि आसनसोल लोकसभा संसदीय सीट में ममता दीदी ने उन्हें उम्मीदवार बना कर भेजा है एवं मुझे यहां के टीएमसी कार्यकर्ता तथा लोगों पर पूरा भरोसा है. उन्होंने कहा की बांकुड़ा में मैंने काफी कार्य किया है.
मुनमुन सेन ने बताया की बाबुल सुप्रियो भारी उद्योग मंत्री रहने के बावजूद भी इस अंचल के उनके उनके विभाग के भारी उद्योग के कारखाने बर्न स्टैंडर्ड एवं हिंदुस्तान केबल्स बंद हो गए यह दुख का विषय है. यहां के जो कल- कारखाने बंद हो गए हैं उन्हें खुलवाने का हर संभव प्रयास किया जाएगा. 20 कोलियारियां को बंद कर दिया गया है और कोलिएरिया बंद ना हो तथा बंद पड़े कोलियारियो को दोबारा चालू करने के लिए संसद में आवाज उठाऊंगी.
दोनों के आपसी संबंध के सवाल पर कहा कि बाबुल और वे भले ही फिल्मी पृष्ठभूमि है पर दोनों के ही क्षेत्र अलग-अलग है. मैं एक्टिंग करती हूं जबकि बाबुल सुप्रियो गाना गाते हैं. इसके अलावा एक कलाकार होने के नाते दूसरे कलाकार एक दूसरे से कैसा संबंध रखते हैं वही संबंध हम दोनों में है.
इसके अलावा मुनमुन ने कहा कि उनके जीत के पश्चात आसनसोल संसदीय क्षेत्र में मंत्री मलय घटक, मेयर जितेंद्र तिवारी, जिलाध्यक्ष वी शिव दासन दासु तथा विधायक तापस बनर्जी के दिए जाने वाले दिशा-निर्देश के आधार पर यहां का विकास करूंगी. उन्होंने बांकुड़ा में अपनी उपस्थिति कम रहने के प्रश्न पर कहाकि आसनसोल संसदीय क्षेत्र में भी जीत के पश्चात हमेशा आती जाती रहूंगी. वही मैं अब मुंबई में नहीं कोलकाता में अधिक रहती हूं.
मुनमुन सेन ने बताया की चुनाव प्रचार के दौरान उनकी दोनों पुत्रियां तथा दामाद भी इस प्रचार में आएंगे. हालांकि जिस प्रकार वे बांकुड़ा में चुनाव प्रचार की थी उस प्रकार नहीं कर पाएंगी, क्योंकि पहले से निर्धारित कार्यक्रम ना होने के कारण वह सिर्फ एक या दो दिन ही रहेंगी. उन्होंने ममता बनर्जी को प्रधानमंत्री के रूप में देखने की बात करते हुए कहा की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी मैं गजब की क्षमता है. जहां उनकी स्मरणशक्ति काफी तेज है, वहीं वह जिस कार्य को ठान लेती है उसे अवश्य पूरा करती है.
