आसनसोल : कोल इंडिया चालू वित्तीय वर्ष में अपने उत्पादन लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में लगातार अग्रसर है. कोल इंडिया की अनुषांगिक कंपनियां भी अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत कर रही है.
एमसीएल के प्रोडक्शन में गिरावट दर्ज हुई थी. पर फरवरी में काफी हद तक भरपाई हो गयी है. चालू वित्तीय वर्ष के अप्रैल 2018 से लेकर 28 फरवरी, 2019 तक कोल इंडिया ने कुल 527.70 मिलियन टन कोयले का उत्पादन किया था.
गत वर्ष इसी अवधि के दौरान 495.08 मिलियन टन कोयले का उत्पादन हुआ था. इस प्रकार गत वर्ष की तुलना में फरवरी तक कुल 6.6 फीसदी का पॉजिटिव ग्रोथ दर्ज किया गया.
चालू वित्तीय वर्ष के अप्रैल 2018 से लेकर फरवरी 2019 तक सीआइएल की अनुषांगिक कंपनियों में कोल इंडिया की बीसीसीएल, एमसीएल तथा एनइसी का निगेटिव ग्रोथ है.
जबकि शेष अन्य कंपनियों का पोजेटिव ग्रोथ है. कोल इंडिया की अनुषंगी कंपनी इसीएल ने फरवरी माह तक 11.5 फीसदी, सीसीएल ने 10.1 फीसदी, एनसीएल ने 9.8 फीसदी, डब्ल्यूसीएल ने 15.3 फीसदी, एसइसीएल ने 7.1 फीसदी का पॉजिटिव ग्रोथ किया है.
कोल इंडिया लिमिटेड की बड़ी इकाइयों में शामिल बीसीसीएल का ग्रोथ चालू वित्तीय वर्ष के फरवरी माह तक 4.6 फीसदी है, एमसीएल का 0.2 फीसदी तथा एनइसी का 2.5 फीसदी निगेटिव ग्रोथ है. मालूम हो कि कोल इंडिया का चालू वित्तीय वर्ष 2018-19 में कोयला उत्पादन लक्ष्य 610 मिलियन टन निर्धारित है.
चालू वित्तीय वर्ष के फरवरी, 2019 में कोल इंडिया ने कुल 58.05 मिलियन टन उत्पादन किया, जबकि गत वर्ष के फरवरी 54.88 मिलियन टन प्रोडक्शन हुआ था. इस प्रकार फरवरी में गत वर्ष के फरवरी की तुलना में 6.5 फीसदी का पॉजिटिव ग्रोथ हुआ.
कोल इंडिया की अनुषंगी इकाइ इसीएल ने फरवरी माह में 5.27 लाख टन, बीसीसीएल ने 2.85 लाख टन, सीसीएल ने 7.01 लाख टन, एनसीएल ने 8.34 लाख टन, डब्ल्यूसीएल ने 5.88 लाख टन, एसइसीएल ने 14.12 लाख टन, एमसीएल ने 14.48 लाख टन तथा एनइसी ने 0.09 लाख टन कोयला उत्पादन किया.
