आसनसोल. आसनसोल सदर महकमा में तीन पुलों की हालत चिंताजनक स्थिति में है. जिसमे बीएनआर रेलवे ब्रिज, कालीपहाड़ी रेलवे ब्रिज और रानीगंज की तपसी ब्रिज शामिल हैं. जिला में पुलों की स्थिति को लेकर महकमा शासक प्रलय रायचौधरी ने अपने कार्यालय में गुरुवार को जिला ब्रिज इंस्पेक्शन कमेटी की बैठक की. जिसमें इन तीन पुलों की हालत गंभीर बताई गई. जिसकी तत्काल मरम्मत की प्रक्रिया को लेकर पहल करने का निर्णय हुआ.
एसीपी (सेट्रल) आलोक मित्रा, एसीपी (ईस्ट) विमल कुमार मंडल, एसीपी (वेस्ट) शांतब्रत चंद, एसीपी कमल चंद्र बैराग्य, जिला परिषद के जिला अभियंता रामा चरण चौधरी, पीडब्ल्यूडी सिविल के कार्यपालक अभियंता अतुनु सेन, सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता इंद्रजीत दत्ता, आरटीओ पुलक रंजन मुंशी, राष्ट्रीय राजमार्ग दुर्गापुर डिवीजन के सहायक अभियंता, पीडब्ल्यूडी रोड के सहायक अभियंता उपस्थित थे.
बैठक में आसनसोल महकमा अंतर्गत सभी पुलों की स्थिति को लेकर समीक्षा की गयी. आसनसोल सदर के महकमा शासक श्री रायचौधरी ने बताया कि महकमा में तीन पुलों की हालत चिंताजनक है. जिसमे तपसी पुल के निर्माण का कार्य जल्द आरम्भ होगा.
इससे पूर्व इस पुल पर भारी वाहनों के आवागमन को नियंत्रित करने का निर्णय लिया गया है और निगरानी के लिए पुलिस की तैनाती करने को कहा गया है. बीएनआर और कालीपहाड़ी की ब्रिज रेलवे की है और काफी दिनों से मरम्मत का कार्य नहीं हुआ है. इन पुलों की हालत भी चिंताजनक है. इन दोनों पुलों की मरम्मत के लिए जिला प्रशासन डीआरएम को पत्र लिखेगा कि इन पुलों की तत्काल मरम्मत करायी जाये.
इसके साथ ही महकमा क्षेत्र अंतर्गत सभी छोटे बड़े पुलों को लेकर समीक्षा की गयी. जिसमे मेजिया में स्थित डीवीसी निर्मित पुल की मरम्मत की जरूरत है. जिसे लेकर डीवीसी को पत्र लिखा जायेगा. कल्ला मोड़ से काजी नजरूल विश्वविद्यालय जाने के क्रम में पड़ने वाली नुनिया नदी पर सिंचाई विभाग द्वारा नया पुल का निर्माण होगा.
सिंचाई विभाग द्वारा हाड़ीभांगा में भी नया पुल का निर्माण होगा. इसीएल द्वारा विभिन्न इलाकों में बनाये गए पुलों में से कुछ काफी जर्जर हो चुके हैं. जिनकी मरम्मत के लिए इसीएल को पत्र लिखा जायेगा. बैठक में हुए निर्णय के आधार पर क्या क्या कार्य हुआ इसे लेकर 15 दिन बाद पुनः समीक्षात्मक बैठक की जायेगी.
सनद रहे कि सिलीगुड़ी में निर्माणाधीन फ्लाईओवर सहित कोलकाता में माझेरहाट फ्लाईओवर के गिरने के बाद राज्य सरकार ने सभी जिला को उनके क्षेत्र के पुलों को लेकर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर जरूरी कदम उठाने का निर्देश दिया है. जिसके तहत जिला प्रशासन कार्यवाई में जुट गया है और सभी पुलों की वस्तुगत स्थिति की जांच आरम्भ कर दी है. गुरुवार की बैठक में संग्रहित सूची के आधार पर मरम्मत से लेकर नए पुलों के निर्माण कार्य को तत्काल पूरा करने पर बल दिया गया.
