आसनसोल : महारत्न कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड तथा उसकी अनुषांगिक कोयला कंपनियों के खदानों में हादसों और उसमें होनेवाली मौत में कमी आयी है. कोल इंडिया में वर्ष 2017 में कुल 52 घातक दुर्घटनाओं में 57 श्रमिकों की मौत हुयी है. जबकि 180 गंभीर दुर्घटनाओं में 185 श्रमिक घायल हुए हैं. जबकि वर्ष 2016 में […]
आसनसोल : महारत्न कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड तथा उसकी अनुषांगिक कोयला कंपनियों के खदानों में हादसों और उसमें होनेवाली मौत में कमी आयी है. कोल इंडिया में वर्ष 2017 में कुल 52 घातक दुर्घटनाओं में 57 श्रमिकों की मौत हुयी है. जबकि 180 गंभीर दुर्घटनाओं में 185 श्रमिक घायल हुए हैं. जबकि वर्ष 2016 में यह अंकड़ा काफी अधिक था.
उस साल कोल इंडिया की सभी सहायक कंपनियों में कुल 61 घातक हादसों में 93 श्रमिकों की मौच हुयी थी. वहीं 268 गंभीर दुर्घटनाओं में 277 श्रमिक घायल हुए थे. इधर वर्ष 2018 में जनवरी माह तक एसइसीएल में दो घातक दुर्घटनाओं में दो श्रमिकों की मौत को छोड़ कर किसी कंपनी में कोई हादसा नहीं हुआ है.
सबसे कम दुर्घटना बीसीसीएल में, सबसे अधिक हादसे हुए इसीएल में
कब-कहां कितने श्रमिकों की मौत
कंपनी 2015 2016 2017 2018
इसीएल 08 32 09 00
बीसीसीएल 07 13 02 00
सीसीएल 03 06 07 00
एमसीएल 03 02 05 00
एनसीएल 01 04 04 00
एसइसीएल 10 10 10 02
डब्ल्यूसीएल 07 06 06 00
एसइसीएल में इस वर्ष अब तक हो चुकी है दो कोयला कर्मियों की मौत
वर्ष 2016 में सबसे अधिक मौत थी इसीएल में, सबसे कम एमसीएल में
इसीएल में सबसे अधिक कर्मियों की मौत
वर्ष 2016 में कोल इंडिया की सहायक कंपनी इसीएल में सबसे अधिक नौ घातक दुर्घटनाओं में 32 श्रमिकों कीमौत हुयी थी. इसमें राजमहल परियोजना की ललमटिया खदान दुर्घटना शामिल है. डंप धंस जाने के कारण उसके मलवे में दब कर श्रमिकों की मौत हुयी थी. इस झटके से अभी तक कंपनी उबर नहीं पायी है तथा उत्पादन लक्ष्य हासिल करने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
दूसरे स्थान पर रही बीसीसीएल में 12 घातक दुर्घटनाओं में 13 श्रमिकों की मौत हुयी थी. लेकिन वर्ष 2017 में आठ घातक हादसों में सबसे अधिक दस कर्मियों की मौत हो चुकी है. वहीं एमसीएल में सबसे कम गंभीर दो दुर्घटनाओं में दो श्रमिक घायल हुए. सबसे अधिक गंभीर दुर्घटनाएं एसइसीएल में हुयी जिसमें दस श्रमिक घायल हुए.