कोलकाता : बार-बार लोगों को बैंकों की ओर से सावधान रहने की सूचना देने के बाद भी एटीएम से झांसा देकर रुपये ठगने का सिलसिला जारी है. दक्षिण 24 परगना के नरेंद्रपुर थाना के रहने वाले सुमन रायचौधरी नामक एक व्यक्ति ठगी का शिकार बन गये. उनके बैंक एकाउंट से एक व्यक्ति ने अपने को बैंक मैनेजर का परिचय देकर 80 हजार रुपये निकाल लिये. सुमन रायचौधरी एक निजी कंपनी में टेक्निकल डायरेक्टर के पद पर कार्यरत हैं.
कैसे हुई ठगी
सुमन रायचौधरी का स्टेट बैंक में खाता है. उनको दिसंबर महीने की पांच तारीख को एक संतोष शर्मा नामक व्यक्ति ने एसबीआई स्ट्रैंड रोड शाखा के ब्रांच मैनेजर के रूप में परिचय देकर उनको चिप लगा हुआ नया एटीएम लेने के बारे में कहा.
साथ ही उनसे कार्ड का अंतिम पांच नंबर बताने का अनुरोध किया, लेकिन उस समय उनके पास एसबीआई का कार्ड नहीं था, तब उक्त व्यक्ति ने उनसे उनके किसी दूसरे कार्ड का अंतिम पांच नंबर और कार्ड का एक्सपायरी डेट पूछा, जिससे सुमन रायचौधरी को संदेह हुआ, लेकिन फोन करनेवाले व्यक्ति ने उसे बताया कि जब तक आप अपने कार्ड का पिन या कार्ड के पीछे लिखे सीवीसी को किसी को नहीं बताते तब तक कोई कुछ नहीं कर सकता.
इससे वह संतुष्ट हुए और उन्होंने अपना इंडियन बैंक के कार्ड का अंतिम पांच संख्या फोन करने वाले व्यक्ति को बतलाया, जिसके बाद उनके कार्ड से 5 हजार की निकासी का मैसेज आया. उसके तुरंत बाद फिर 20 हजार, फिर 15 हजार का मैसेज आया, जिसके बारे में उन्हाेंने फोन करनेवाले बैंक मैनेजर नामधारी व्यक्ति को बतलाया, तो उधर से यह जबाव मिला कि उनका कार्ड हाटलिस्ट कर दिया गया है.
वह रकम पुन: वापस उनके खाते में आ जायेगी. लेकिन अगले दिन सुबह उनके पास फिर से 40 हजार रुपये निकालने का मैसेज आया. इसके बाद उन्होंने नरेंद्रपुर थाने के साथ कोलकाता पुलिस के साइबर सेल काे इसकी जानकारी दी. इससे उनको यह पता चला की उनके नाम से उन लोगों ने मोबाइल के यूपीआई एप में खाता बनाकर उनसे यह रुपये ठग लिये.
