उत्तराखंड में दंगाइयों के घर जाकर पैसा वसूलेगी धामी सरकार, जानें क्या है तैयारी

Uttarakhand Chief Minister Pushkar Singh Dhami एक ऐसा बिल लानें जा रहे हैं जिससे दंगाइयों पर लगाम लगेगी. जानें इस विधेयक के बारे में

उत्तराखंड सार्वजनिक और निजी संपत्ति क्षति वसूली विधेयक को लेकर एक बड़ी खबर सामने आ रही है. जानकारी के अनुसार, विरोध प्रदर्शन के नाम पर सरकारी और निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले उपद्रवियों पर लगाम लगाने के लिए उत्तराखंड सरकार सरकार यह विधेयक लाने जा रही है. 26 फरवरी से शुरू होने वाले बजट सत्र में ‘उत्तराखंड सार्वजनिक और निजी संपत्ति क्षति वसूली विधेयक’ धामी सरकार लाएगी. इस बिल के तहत विरोध प्रदर्शन और हड़ताल के दौरान हुए नुकसान की वसूली उपद्रव में शामिल आरोपियों से किये जाने का प्रावधान है. नुकसान की भरपाई के लिए सेवानिवृत्त जिला जज की अध्यक्षता में ट्रिब्यूनल का गठन किया जाएगा.

उत्तर प्रदेश में लागू हो चुका है ये कानून

यहां चर्चा कर दें कि इससे पहले उत्तर-प्रदेश की योगी सरकार इस तरह का विधेयक ला चुकी है. उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने साल 2022 में उत्तर प्रदेश लोक और निजी संपत्ति क्षति वसूली (संशोधन) विधेयक, 2022’ पारित किया था. इस कानून के तहत गठित प्राधिकरण को सिविल कोर्ट की शक्ति सरकार की ओर से दी गई थी. प्रदेश में इस कानून का इस्तेमाल भी किया जा चुका है.

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हल्द्वानी हिंसा का मुख्य आरोपी गिरफ्तार

इस बीच आपको बता दें कि उत्तराखंड पुलिस ने हल्द्वानी हिंसा के कथित मुख्य षड्यंत्रकारी अब्दुल मलिक को दिल्ली से गिरफ्तार किया है. उसे इसके बाद उत्तराखंड लाया गया है. नैनीताल के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रह्लाद नारायण मीणा ने मामले को लेकर जानकारी दी है कि गुजरात, दिल्ली, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और बिहार सहित विभिन्न राज्यों में मलिक और उसके बेटे अब्दुल मोईद की तलाश के लिए छह टीम गठित की गईं थीं. मलिक को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया, लेकिन उसका बेटा अब भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है.

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Published by: Amitabh kumar

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