UP News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है. जिला अस्पताल से घर लौट रही 10 वर्षीय बच्ची को डायल-100 में तैनात एक सिपाही कथित तौर पर घर छोड़ने का झांसा देकर अपने साथ ले गया और उसकी हत्या कर दी. वारदात के बाद बच्ची का शव चिलुआताल स्थित श्मशान घाट पर बरामद हुआ. मामले में आरोपी सिपाही को हिरासत में लेकर पुलिस उससे पूछताछ कर रही है.
सीसीटीवी फुटेज से आरोपी तक पहुंची पुलिस
पुलिस के अनुसार, बच्ची अपने बीमार बड़ी बहन के लिए खाना लेकर जिला अस्पताल पहुंची थी. रात में बहन से मिलने के बाद वह घर के लिए निकली, लेकिन वापस नहीं लौटी. परिजनों की सूचना पर पुलिस ने अस्पताल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली. जांच के दौरान एक वर्दीधारी युवक बच्ची को बाइक पर ले जाता दिखाई दिया. फुटेज के आधार पर डायल-100 में तैनात सिपाही अभिषेक यादव को हिरासत में लिया गया. इसके बाद पुलिस की तलाश के दौरान गुरुवार तड़के करीब चार बजे बच्ची का शव चिलुआताल श्मशान घाट से बरामद हुआ.
घर छोड़ने का झांसा देकर साथ ले गया
पुलिस जांच में सामने आया कि अस्पताल में भर्ती 13 वर्षीय बड़ी बहन ने बताया है कि वर्दी पहने एक युवक दोनों बहनों के पास आया और बातचीत के दौरान छोटी बहन को बाइक से घर छोड़ने की बात कही. बड़ी बहन के मना करने के बावजूद आरोपी बच्ची के आसपास मंडराता रहा. जैसे ही बच्ची अस्पताल से बाहर निकली, वह उसके पीछे चला गया और कथित तौर पर उसे अपने साथ ले गया. इसके बाद बच्ची का कोई पता नहीं चला.
पहले भी गंभीर मामले में आ चुका है नाम
पुलिस के मुताबिक, आरोपी सिपाही पहले भी एक आपराधिक मामले में जांच के दायरे में रह चुका है. उस पर पहले एक युवती से जुड़े मामले में कार्रवाई हुई थी और उसे जेल भी जाना पड़ा था. फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और हत्या के कारणों के साथ-साथ सभी परिस्थितियों की पड़ताल की जा रही है. आरोपी से पूछताछ जारी है, जबकि मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है.
