UP News: उत्तर प्रदेश पुलिस, एटीएस और एसटीएफ ने केंद्रीय जांच एजेंसियों के साथ मिलकर पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई की एक बड़ी आतंकी साजिश को बेनकाब किया है. जांच में खुलासा हुआ कि पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी और उसके सहयोगी भारतीय युवाओं को सोशल मीडिया के जरिए बरगला रहे थे. इनका मुख्य मकसद हिंदू धार्मिक नेताओं, राजनेताओं और पुलिसकर्मियों की हत्या करना था. पुलिस ने प्रदेश भर में कार्रवाई कर विदेशी पिस्टल, जिंदा कारतूस, पेट्रोल बम सामग्री और भड़काऊ पोस्टर बरामद किए हैं.
12 प्राथमिकी दर्ज, 52 गिरफ्तार और यूएपीए के तहत आतंकी घोषित करने की मांग
यूपी पुलिस ने शहजाद भट्टी नेटवर्क के खिलाफ निर्णायक कदम उठाते हुए अब तक 12 प्राथमिकी दर्ज की हैं और कुल 52 संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया है. इसके अतिरिक्त 60 अन्य संदिग्धों पर निरोधात्मक कार्रवाई की गई है. इस पूरे मॉड्यूल को जड़ से खत्म करने के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को पत्र भेजा है. इसमें विधि विरुद्ध क्रियाकलाप निवारण अधिनियम (UAPA) के तहत शहजाद भट्टी और उसके पूरे गिरोह को आधिकारिक रूप से आतंकवादी संगठन घोषित करने का आग्रह किया गया है.
आतंकी नेटवर्क की कमर तोड़ने के लिए ATS का बड़ा एक्शन
उत्तर प्रदेश में शांति और सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखने के लिए एटीएस और पुलिस विभाग पूरी तरह सतर्क मोड पर काम कर रहे हैं. जांच में पता चला है कि यह गिरोह स्थानीय स्तर पर स्लीपर सेल तैयार कर कई बड़े शहरों को दहलाने की साजिश रच रहा था. इस मामले में पकड़े गए अपराधियों के तार सीमा पार बैठे आकाओं से सीधे जुड़े पाए गए हैं. राज्य सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी प्रकार की राष्ट्रविरोधी गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी.
