UP News: प्रयागराज में ऑनलाइन डेटिंग ऐप्स और सोशल मीडिया के जरिए कथित हनीट्रैप वसूली रैकेट का मामला सामने आया है.इलाहाबाद हाईकोर्ट के एक वकील की शिकायत पर पुलिस ने जांच शुरू की है. शिकायत में आरोप लगाया गया है कि एक महिला अलग-अलग फर्जी प्रोफाइल और नामों का इस्तेमाल कर पुरुषों से संपर्क करती थी. इनमें ‘स्वीटी तिवारी’ जैसे नाम भी बताए गए हैं। पुलिस फिलहाल शिकायत में दर्ज तथ्यों, डिजिटल खातों और कथित लेनदेन की जांच कर रही है.
निजी तस्वीर और विडिओ से की जाती थी वसूली
शिकायतकर्ता के अनुसार, आरोपी महिला पहले डेटिंग ऐप या सोशल मीडिया पर दोस्ती करती थी और बातचीत बढ़ने के बाद मुलाकात तय करती थी. आरोप है कि मुलाकातों के दौरान निजी तस्वीरें और आपत्तिजनक वीडियो गुप्त रूप से रिकॉर्ड किए जाते थे. इसके बाद पीड़ितों को वही सामग्री भेजकर रकम मांगी जाती थी. शिकायत में कहा गया है कि बदनामी और कानूनी कार्रवाई के भय का उपयोग कर लोगों पर दबाव बनाया गया. हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के बाद ही संभव होगी.
गंभीर मामलों मे फ़साने की दी जाती थी धमकी
शिकायत में यह भी दावा किया गया है कि रकम देने से इनकार करने वालों को बलात्कार और हत्या के प्रयास जैसे गंभीर मामलों में फंसाने की धमकी दी जाती थी. वकील का आरोप है कि इस तरीके से छह करोड़ रुपये से अधिक की वसूली की गई. शिकायतकर्ता ने कुछ लोगों के कथित रूप से झूठे मुकदमों के कारण जेल जाने का दावा भी किया है. पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि किन मामलों में शिकायतें दर्ज हुईं और उनमें उपलब्ध साक्ष्य क्या कहते हैं.
बैंक और डिजिटल साक्ष्यों से जांच कर रही पुलिस
मामले के चर्चा में आने के बाद सोशल मीडिया पर नोटों की गड्डियों और हथियार के साथ एक महिला की तस्वीरें भी वायरल हुई हैं. इन्हें कथित हनीट्रैप प्रकरण से जोड़ा जा रहा है, लेकिन पुलिस ने तस्वीरों की तारीख, जगह और संदर्भ की पुष्टि नहीं की है.शिकायत के मुताबिक रैकेट में दो अन्य महिलाएं और दो पुरुष भी शामिल हैं. प्रयागराज पुलिस सभी आरोपों, बैंक लेनदेन और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है.
इनपुट : नटवर कुमार
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