Up News: उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले के दरियाबाद कोतवाली क्षेत्र के अलियाबाद (गुलचप्पा कलां) गांव में 6 अगस्त 2026 को एक दर्दनाक हादसा हुआ है, जहां एक जर्जर दीवार गिरने से सगे भाई-बहन की मौके पर ही मौत हो गई और तीन अन्य बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए .प्राप्त जानकारी के अनुसार, लगातार हो रही बारिश की वजह से वर्षों पुरानी एक जर्जर ईंट की दीवार अचानक भरभराकर बच्चों के ऊपर गिर गई. सुबह स्कूल/मदरसा जाते समय बच्चे इस हादसे का शिकार हुए. मलबे में दबने से 7 वर्षीय हुजैफा और उसकी 14 वर्षीय बहन हाजरा बानो की घटनास्थल पर ही मौत हो गई.
जर्जर भवन और दीवारों को मरम्मत की जरूरत
इस हादसे में तीन अन्य बच्चे (हस्सान, हानिया और मोहम्मद अदनान) गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें ग्रामीणों की मदद से मलबे से निकालकर तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है . इस घटना ने जर्जर भवनों और कमजोर दीवारों की समय पर मरम्मत या हटाने की जरूरत को फिर से सामने ला दिया है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है. उप जिलाधिकारी (एसडीएम) बृजेंद्र उपाध्याय अपनी टीम के साथ राहत और बचाव कार्यों में जुट गए .उन्होंने घायलों के समुचित उपचार के निर्देश दिए हैं.
प्रशासनिक मुआवजा और सरकारी निर्देश
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना का संज्ञान लेते हुए अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की है , साशन की ओर से जिला प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं की सभी घायल बच्चों को निः शुल्क और सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाय. उत्तर प्रदेश मे इस तरह की प्रकीर्तिक आपदा या दीवार गिरने की घटनाओं मे प्रभावित परिवारों को मुख्यमंत्री राहत कोष और आपदा राहत नियमों के तहत मृतक के परिवारों को 4 लाख से 5 लाख रुपये तक की अनुग्रह राशि और घायलों को इलाज के लिए आर्थिक सहायता दी जाती है ,स्थानीय प्रशासन वर्तमान में कागजी औपचारिकताओं को पूरा करने मे जुटा है ताकि पीड़ित परिवार को जल्द राशि मिल सके.
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