Gyanvapi Case: ज्ञानवापी मामले में हिंदू पक्ष ने कहा महादेव की है जमीन, वाराणसी कोर्ट में कल भी होगी बहस

हिंदू पक्ष के वकील विष्णु शंकर जैन ने सुप्रीम कोर्ट में राइट टू वर्शि‍प एक्ट पर पुराने केस का हवाला दिया. 16वीं शताब्दी का इतिहास बताया. 8 मंडपों का जिक्र किया. काशी का इतिहास, वैभव काशी का हवाला दिया गया. हरिशंकर ने सर्वे के दौरान शंख, गदा, चक्र, त्रिशूल, कमल, सूर्य के प्रमाण को लेकर कहा...

Varanasi News: वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में ज्ञानवापी मस्जिद और श्रृंगार गौरी मंदिर केस की सुनवाई में वाराणसी की जिला अदालत में हिंदू पक्ष ने अपनी दलील पेश की.मगर पूरा पक्ष न रख पाने के कारण कल यानी 14 जुलाई को भी वाराणसी कोर्ट में सुनवाई होगी. इससे पहले मंगलवार को मुस्‍ल‍िम पक्ष ने अपनी दलील पेश की थी.

हिंदू पक्ष के वकील विष्णु शंकर जैन ने सुप्रीम कोर्ट में राइट टू वर्शि‍प एक्ट पर पुराने केस का हवाला दिया. 16वीं शताब्दी का इतिहास बताया. 8 मंडपों का जिक्र किया. काशी का इतिहास, वैभव काशी का हवाला दिया गया. हरिशंकर ने सर्वे के दौरान शंख, गदा, चक्र, त्रिशूल, कमल, सूर्य के प्रमाण को लेकर कहा कि यह साबित करते हैं कि यह मंदिर ही है. आगे कहते हैं कि पश्चिम में ध्वंस आराध्य स्थल में हिंदू प्रतीकों की बहुल्यता यह साबित करती है कि यही आदि विश्वेश्वर हैं. इस दौरान कोर्ट में वकील कमिश्नर रह चुके विशाल सिंह भी उपस्थित रहे. उन्‍होंने मीड‍िया से कहा, ‘कोर्ट में हमने वादी संख्या 2/5 के लिए हमने बहस की.’ कोर्ट में उनके साथ सुभाष नन्दन चतुर्वेदी व सुधीर त्रिपाठी, पिता हरीशंकर जैन भी मौजूद रहे.

रिपोर्ट : विप‍िन स‍िंह

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >