Rourkela News : पश्चिमी ओडिशा बना राज्य के विकास का मुख्य इंजन : मुख्यमंत्री

8,800 करोड़ रुपये की 20 परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास

Rourkela News : पश्चिमी ओडिशा को औद्योगिक विकास का नया केंद्र बताते हुए मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने कहा कि यह क्षेत्र अब राज्य की अर्थव्यवस्था का मुख्य इंजन बन चुका है. उन्होंने बुधवार को राउरकेला के सेक्टर-13 स्थित प्रतिमा मिलन मैदान में आयोजित एंटरप्राइज ओडिशा 2026 के 25वें (रजत जयंती) संस्करण के उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए यह बात कही. मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर निवेशकों और उद्योगपतियों को पश्चिमी ओडिशा में उद्योग स्थापित करने के लिए अनुकूल माहौल और तेज़ निर्णय प्रक्रिया का भरोसा दिलाया. मुख्यमंत्री ने एंटरप्राइज ओडिशा 2026 के रजत जयंती संस्करण का विधिवत उद्घाटन करते हुए पश्चिमी ओडिशा में 8,884 करोड़ रुपये की औद्योगिक परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया. इन परियोजनाओं से 6,832 लोगों को रोजगार मिलने का मार्ग प्रशस्त होगा. इसके साथ ही कार्यक्रम के दौरान 52,026 करोड़ रुपये के एमओयू और निवेश के ऑफर प्राप्त हुए, जिनमें 20,427 रोजगार की क्षमता है. यह उपलब्धि क्षेत्र की औद्योगिक विकास यात्रा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर मानी जा रही है. कार्यक्रम में उद्योग, कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री संपदचंद्र स्वांई, रघुनाथपाली के विधायक दुर्गा चरण तांती, उद्योग, गृह एवं सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव हेमंत शर्मा (आईएएस), सीआईआई के अध्यक्ष, प्रतिष्ठित उद्योगपति, निवेशक, नीति निर्माता, एमएसएमई उद्यमी, स्टार्टअप संस्थापक, महिला उद्यमी तथा वरिष्ठ सरकारी अधिकारी उपस्थित रहे। टाटा स्टील, एमसीएल, जेएसडब्ल्यू, वेदांता, डालमिया सीमेंट, सेल, एएमएनएस और राउरकेला चेंबर ऑफ कॉमर्स सहित कई प्रमुख कंपनियों की भागीदारी रही. पश्चिमी ओडिशा के औद्योगिक भविष्य को देखने के लिए 500 से अधिक लोग कार्यक्रम में शामिल हुए. मुख्यमंत्री माझी ने अपने संबोधन में कहा कि एंटरप्राइज ओडिशा का रजत जयंती संस्करण केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि एक नयी सोच और आत्मविश्वास का प्रतीक है. उन्होंने कहा कि हम हर क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ बनने की दिशा में काम कर रहे हैं. हम सर्वश्रेष्ठ होंगे और सर्वश्रेष्ठ के साथ प्रतिस्पर्धा करेंगे. कार्यक्रम की थीम ‘ओडिशा: रहने, काम करने और बिजनेस करने के लिए सबसे अच्छी जगह’ का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य का विकास मॉडल केवल आर्थिक वृद्धि तक सीमित नहीं है, बल्कि रोजगार सृजन, बेहतर जीवन स्तर और जीवन व व्यवसाय—दोनों के लिए अनुकूल माहौल तैयार करना सरकार की प्राथमिकता है. राज्य की औद्योगिक रणनीति को स्पष्ट करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रत्येक क्षेत्र में प्रमुख उद्योग स्थापित करने और उनके आसपास सैकड़ों एमएसएमई को सप्लायर, वेंडर, लॉजिस्टिक्स पार्टनर, फैब्रिकेटर, मेंटेनेंस प्रोवाइडर, पैकेजिंग यूनिट और टेक्नोलॉजी पार्टनर के रूप में विकसित कर रही है. इससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के लिए बाहर जाने की मजबूरी नहीं रहेगी और अवसर उनके दरवाजे तक पहुंचेंगे. कार्यक्रम में 5,708 करोड़ रुपये के निवेश वाली 11 औद्योगिक परियोजनाओं का उद्घाटन किया गया, जिससे 4,183 लोगों को रोजगार मिलेगा. वहीं 3,176 करोड़ रुपये की 9 परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया, जिनसे 2,649 रोजगार सृजित होंगे. राउरकेला प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री ने राउरकेला चेंबर ऑफ कॉमर्स और ओडिशा स्पंज आयरन मैन्युफैक्चरिंग एसोसिएशन (ओसीमा) के साथ तीन महत्वपूर्ण गोलमेज चर्चाओं में भाग लिया. रांची और रायपुर के प्रतिनिधिमंडलों के साथ हुई विशेष बातचीत में आरआरआर कॉरिडोर (रायपुर–रांची–राउरकेला) को क्षेत्रीय औद्योगिक सहयोग और साझा विकास का प्रमुख माध्यम बताया गया. इन चर्चाओं के परिणामस्वरूप 43,349 करोड़ रुपये के 22 एमओयू पर हस्ताक्षर किए गये, जिनसे 18,985 रोजगार सृजित होंगे. इसके अलावा 8,677 करोड़ रुपये के 5 निवेश प्रस्ताव भी प्राप्त हुए, जिनमें 1,442 रोजगार की संभावना है. इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने वेदांता एल्युमिनियम लिमिटेड को कामाख्यानगर, ढेंकानाल में 1,447.927 एकड़ भूमि आवंटन का पत्र सौंपा. यह भूमि कंपनी के प्रस्तावित 3 एमटीपीए एल्युमिनियम स्मेल्टर और 4,900 मेगावाट कैप्टिव पावर प्लांट परियोजना के लिए दी गयी है. 41वीं हाई लेवल क्लीयरेंस अथॉरिटी द्वारा स्वीकृत यह आवंटन परियोजना को तेजी से धरातल पर उतारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है. उद्योग, कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री संपदचंद्र स्वांई ने कहा कि एंटरप्राइज ओडिशा 2026 निवेश आकर्षित करने के साथ-साथ तेज़ क्रियान्वयन पर केंद्रित है. उन्होंने बताया कि पश्चिमी ओडिशा में डाउनस्ट्रीम मैन्युफैक्चरिंग और मेटल आधारित सहायक उद्योगों को बढ़ावा देने के साथ-साथ लक्षित कौशल विकास, अप-स्किलिंग और संस्थागत उन्नयन के जरिए उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप कुशल मानव संसाधन तैयार किया जा रहा है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SUNIL KUMAR JSR

SUNIL KUMAR JSR is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >