Rourkela News: राउरकेला इस्पात संयंत्र (आरएसपी) के विपणन विभाग ने लगभग 3,325 करोड़ रुपये का अब तक का सर्वाधिक राजस्व संग्रह कर इतिहास रच दिया है. रणनीतिक बिक्री एवं परिचालन दक्षताओं के माध्यम से विभाग ने अपने पूर्व के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन को पीछे छोड़ते हुए यह उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की.
लौह एवं इस्पात से 466 करोड़ रुपये की आय हुई
यह उपलब्धि वित्तीय वर्ष 2024-25 की तुलना में प्रमुख उत्पादों में मजबूत वृद्धि को दर्शाती है. इनमें लौह एवं इस्पात से 466 करोड़ रुपये की आय हुई, जो पिछले वर्ष की तुलना में 39% की उल्लेखनीय वृद्धि है. इसके बाद कोल केमिकल मदों से 386 करोड़ रुपये (8% वृद्धि), अपशिष्ट उत्पादों से 298 करोड़ रुपये (7% वृद्धि) तथा स्पेशल प्लेट प्लांट से 301 करोड़ रुपये (लगभग 3% स्थिर वृद्धि) का योगदान रहा. इस सफलता के पीछे कई अग्रणी पहलें रही हैं, जिनमें विपणन विभाग में पूर्णतः कागजी दस्तावेज रहित (पेपरलेस कार्य) प्रणाली लागू करना तथा एसएपी प्रणाली के अंतर्गत खान विपणन कार्यों का संपूर्ण डिजिटलीकरण शामिल है, जिससे कार्यप्रणाली अधिक सुव्यवस्थित एवं प्रभावी बनी. इसके अतिरिक्त, विभाग ने पिछले वर्ष बीओएफ स्लैग की बिक्री से 51 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड राजस्व अर्जित किया. वहीं, कन्वर्टर से निकलने वाले प्रक्रिया अपशिष्ट एलडी स्लज की कीमत 335 रुपये प्रति टन से बढ़कर 1,122 रुपये प्रति टन हो गयी, जो 235% की वृद्धि दर्शाती है, जिससे इस्पात प्रक्रिया अपशिष्ट से अधिकतम आय सुनिश्चित हुई. रैक उपलब्धता की गंभीर कमी के बावजूद विभाग ने केवल 2-3 महीनों में अतिरिक्त ब्लास्ट फर्नेस ग्रैन्युलेटेड स्लैग की समस्या का त्वरित समाधान कर कुशल संकट प्रबंधन एवं बाजार समझ का परिचय दिया. ये उपलब्धियां न केवल सेल की वित्तीय स्थिति को सुदृढ़ करती हैं, बल्कि आरएसपी को टिकाऊ एवं प्रभावी इस्पात विपणन के क्षेत्र में अग्रणी भी बनाती है.
आरएसपी का वार्षिक ग्रीष्मकालीन कोचिंग शिविर का आयोजन पांच से
राउरकेला इस्पात संयंत्र (आरएसपी) के क्रीड़ा अनुभाग की ओर से वार्षिक ग्रीष्मकालीन कोचिंग शिविर-2026 का आयोजन पांच से 25 मई 2026 तक किया जायेगा. शिविर का उद्घाटन समारोह पांच मई 2026 को प्रात: 7:00 बजे सेक्टर-6 स्थित इस्पात स्टेडियम में आयोजित होगा. शिविर में प्रतिभागियों को 15 खेल विधाओं में प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा, जिनमें एथलेटिक्स, बैडमिंटन, बास्केटबॉल, मुक्केबाजी, क्रिकेट, साइक्लिंग, फुटबॉल, हॉकी, कबड्डी एवं टेबल टेनिस जैसे खेल कक्षा-5 से-10 तक के बच्चों के लिए निर्धारित हैं. वहीं कक्षा-1 से-10 तक के छात्र शतरंज प्रशिक्षण में भाग ले सकते हैं. कक्षा-7 से 12 तक के छात्र वॉलीबॉल, भारोत्तोलन एवं पावर लिफ्टिंग में नामांकन कर सकते हैं. योग एवं लॉन टेनिस सभी आयु वर्ग के लिए खुले हैं.
