Bhubaneswar News: ब्रिक्स के आपदा जोखिम न्यूनीकरण कार्य समूह की दूसरी तकनीकी बैठक पुरी में शुरू
Bhubaneswar News: पुरी में आपदा जोखिम न्यूनीकरण कार्य समूह की बैठक में 11 सदस्य देशों के बीच सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हो रही है.
Bhubaneswar News: भारत की ब्रिक्स-2026 अध्यक्षता के तहत राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) बुधवार से ओडिशा के पुरी में ब्रिक्स आपदा जोखिम न्यूनीकरण समूह (डिजास्टर रिस्क रिडक्शन ग्रुप-डीआरआरजी) की दूसरी बैठक शुरू हो गयी है. यह पांच जून तक चलेगी. इसका विषय ‘लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सतत विकास का निर्माण’ रखा गया है.
11 देशों के वरिष्ठ अधिकारी और तकनीकी विशेषज्ञ ले रहे हिस्सा
इस बैठक में ब्रिक्स सदस्य देशों ब्राजील, चीन, मिस्र, इथियोपिया, भारत, इंडोनेशिया, ईरान, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका और संयुक्त अरब अमीरात के वरिष्ठ अधिकारी और तकनीकी विशेषज्ञ भाग ले रहे हैं. इसका उद्देश्य आपदा जोखिम न्यूनीकरण (डीआरआर) के क्षेत्र में आपसी सहयोग को और मजबूत करना है. इसमें 11 सदस्य देशों में आपदा शमन से जुड़े मुद्दों पर विचार-विमर्श किया जा रहा है. बैठक के दौरान समुदाय आधारित आपदा जोखिम न्यूनीकरण, आपदा प्रबंधन के लिए वित्तीय संसाधन, बहु-आपदा प्रारंभिक चेतावनी प्रणाली, आपदा-रोधी अवसंरचना, प्रकृति आधारित और स्वदेशी समाधान तथा विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार के माध्यम से आपदा लचीलापन बढ़ाने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की जा रही है.
साझेदार देशों के नीति-निर्माता तथा आपदा प्रबंधन विशेषज्ञ करेंगे विश्लेषण
ओडिशा के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने कहा कि भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता के दौरान ब्रिक्स के आपदा जोखिम न्यूनीकरण (डीआरआर) कार्य समूह की यह पहली प्रत्यक्ष तकनीकी बैठक है. इससे पहले भारत ने 29-30 अप्रैल को ब्रिक्स डीआरआर कार्य समूह की पहली तकनीकी बैठक की अध्यक्षता डिजिटल माध्यम से की थी. मंत्री ने बताया कि ब्रिक्स सदस्य और साझेदार देशों के नीति-निर्माता तथा आपदा प्रबंधन विशेषज्ञ इस बैठक में भाग लेने के लिए पहुंचे हैं. ओडिशा में इस प्रकार का आयोजन पहली बार हो रहा है. उन्होंने कहा कि विचार-विमर्श का केंद्र बिंदु सतत आपदा जोखिम न्यूनीकरण वित्तपोषण, लचीला बुनियादी ढांचा, पूर्वानुमान आधारित प्रतिक्रिया प्रणाली तथा आपदा-रोधी रणनीतियों में पारंपरिक ज्ञान के समावेशन जैसे विषय होंगे.
इस बैठक की मेजबानी करना ओडिशा के लिए गर्व की बात : माझी
मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने मंगलवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि तीन से पांच जून तक पुरी में ब्रिक्स आपदा जोखिम न्यूनीकरण कार्य समूह की दूसरी तकनीकी बैठक की मेजबानी करना ओडिशा के लिए गर्व की बात है. यह महत्वपूर्ण आयोजन आपदा तैयारी, आपदा-प्रतिरोधक क्षमता और प्रभावी आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में ओडिशा के नेतृत्व को मिल रही वैश्विक मान्यता को दर्शाता है. मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बैठक ओडिशा के विश्वप्रसिद्ध आपदा प्रबंधन मॉडल और सुदृढ़ समुदायों के निर्माण के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करने का अवसर प्रदान करती है. उन्होंने कहा कि मैं महाप्रभु श्री जगन्नाथ की नगरी पुरी में ब्रिक्स देशों से आये विशिष्ट प्रतिनिधियों का हार्दिक स्वागत करता हूं और मुझे विश्वास है कि यह सम्मेलन सहयोग को और मजबूत करेगा तथा वैश्विक स्तर पर आपदा-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ावा देगा. ओडिशा विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष नवीन पटनायक ने कहा कि पुरी को ब्रिक्स आपदा जोखिम न्यूनीकरण कार्य समूह की बैठक की मेजबानी करते हुए देखकर गर्व हो रहा है. पुरी के पुलिस अधीक्षक प्रतीक सिंह ने कहा कि विदेशी प्रतिनिधियों की मौजूदगी को देखते हुए इस आयोजन के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गयी है.
ओडिशा की सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों का अवलोकन करेगा प्रतिनिधिमंडल
कार्यक्रम के अंतर्गत प्रतिनिधियों को रामचंडी में ओडिशा राज्य आपदा त्वरित कार्रवाई बल (ओडीआरएएफ) द्वारा जल बचाव एवं आपदा प्रतिक्रिया का विशेष प्रदर्शन दिखाया जायेगा. इसके अलावा, ओडिशा राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ओएसडीएमए) द्वारा आयोजित कार्यक्रम में प्रतिनिधिमंडल प्रशिक्षित सामुदायिक स्वयं सेवकों के साथ संवाद करेगा और तटीय आपदा प्रबंधन तथा सामुदायिक तैयारी के क्षेत्र में ओडिशा की सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों का अवलोकन करेगा. प्रतिनिधियों को विश्व धरोहर स्थल कोणार्क मंदिर का भ्रमण भी कराया जायेगा, जहां वे भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से परिचित होंगे.