Kangana Ranaut : बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रनौत और उनकी बहन रंगोली ने रविवार को महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से राजभवन में मुलाकात की. रनौती की इस मुलाकात के बाद एक बार फिर राजनीति तेज हो गयी है. मालूम हो कंगना रनौत के महाराष्ट्र को लेकर दिये गये बयान के बाद महाराष्ट्र सरकार और अभिनेत्री के बीच विवाद बढ़ गयी.
राज्यपाल से मुलाकात के बाद अभिनेत्रभ् कंगना रनौत ने कहा, मेरे साथ जो अन्याय हुआ है उसके बारे में राज्यपाल से बात हुई. वो हमारे सबके अभिभावक हैं. कंगना ने कहा, मैं राज्यपाल कोश्यारी से मिली और उनसे मेरे साथ हुए अन्यायपूर्ण व्यवहार के बारे में बताया. मुझे उम्मीद है कि मुझे न्याय मिलेगा ताकि युवा लड़कियों सहित सभी नागरिकों का विश्वास व्यवस्था में बहाल हो. मैं भाग्यशाली हूं कि राज्यपाल ने एक बेटी की तरह मेरी बात सुनी.
विवाद तब और गहरा हो गया जब बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने उपनगरीय बांद्रा में कंगना के पाली हिल स्थित बंगले में उसकी (नगर निकाय की) मंजूरी के बिना कथित तौर पर किये गये अवैध निर्माण को बुधवार सुबह ध्वस्त कर दिया था. उसी दिन कंगना मुंबई पहुंची थीं. बीएमसी के द्वारा तोड़फोड़ की घटना को अभिनेत्री ने बंबई हाईकोर्ट में चुनौती दी है, जिस पर सुनवाई होनी है.
कंगना के ऑफिस को तोड़े जाने की घटना के बाद महाराष्ट्र सरकार की चौतरफा आलोचना हो रही है और अभिनेत्री को समर्थन देने वालों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है.
नाराजगी प्रकट नहीं की: कोश्यारी ने कंगना के बंगला प्रकरण पर कहा
महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने इस बात से इनकार किया कि उन्होंने यहां अभिनेत्री कंगना रनौत के बंगले में अवैध निर्माण ढहाये जाने के बारे में नाराजगी प्रकट की थी. उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें मौजूदा शिवसेना नीत सरकार से कोई समस्या नहीं है और उन्होंने शासन में हस्तक्षेप नहीं किया है.
गौरतलब है कि सूत्रों ने कहा था कि राज्यपाल ने मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के प्रधान सलाहकार अजय मेहता को बुधवार को तलब किया था, जब बंगले का अवैध हिस्सा ढहाया गया था. सूत्रों के मुताबिक राज्यपाल ने इसे लेकर उन्हें अपनी नाराजगी से अवगत कराया था.
संजय राउत ने फिर बोला कंगना पर हमला
शिवसेना नेता संजय राउत ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि भाजपा मुंबई की तुलना ‘पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर’ (पीओके) से करने वाली अभिनेत्री कंगना रनौत का समर्थन कर रही है. शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ में अपने साप्ताहिक स्तंभ ‘रोखठोक’ में राउत ने यह भी दावा किया मुंबई के महत्व को कम करने का प्रयास पद्धतिबद्ध तरीके से चल रहा है और शहर को सतत बदनाम करना इसी साजिश का हिस्सा है. राउत ने कहा,‘यह कठिन वक्त है, जब महाराष्ट्र में सभी मराठी लोगों को एकजुट हो जाना चाहिए.
उन्होंने कहा कि रनौत को समर्थन देकर और सुशांत सिंह राजपूत मामले में अपने रुख के जरिए भाजपा राजपूत और क्षत्रिय जैसी अगड़ी जातियों के वोट हासिल कर बिहार चुनाव जीतना चाहती है. राउत ने कहा, जिस तरह से राज्य का अपमान किया गया, उससे महाराष्ट्र (भाजपा) का एक भी नेता दुखी नहीं हुआ.
गौरतलब है कि मुंबई पुलिस और महाराष्ट्र के बारे में कंगना के एक हालिया बयान से विवाद खड़ा हो गया है. उन्होंने दावा किया था कि वह मुंबई में असुक्षित महसूस करती हैं. इसके बाद शिवसेना के नेता संजय राउत ने उनसे मुंबई वापस नहीं आने को कहा था. राउत के इस बयान के बाद अभिनेत्री ने मुंबई की तुलना पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) से की थी.
Posted By – Arbind Kumar Mishra
