seraikela kharsawan news: नदी-नालों में उफान, सड़कों पर जलजमाव, लोगों की मुश्किलें बढ़ीं

खरसावां में तीन दिन की बारिश ने खोली नालियों की पोल, घरों में दुबके लोग

खरसावां : खरसावां व आस-पास के क्षेत्रों में तीन दिनों से लगातार झमाझम बारिश हो रही है. इससे आम जन जीवन पर खासा असर पड़ा है. लोगों का घर से निकलना दूभर हो गया है. बारिश से नदी-नाला उफान पर हैं. खरसावां से होकर गुजरने वाली सोना नदी, सुरु नदी, शंख नदी, संजय नदी का जलस्तर बढ़ गया है. खरसावां में हो रही बारिश से सड़कों पर जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो गयी है.

सड़कों पर बह रहा नाला का गंदा पानी

बारिश के चलते सड़कों पर बने गड्ढों में जगह-जगह जलजमाव हो गया है. जलजमाव के कारण दो पहिया वाहन चालकों व पैदल चलनेवालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. शहर व गांव में कई जगह जलभराव होने से लोगों को आने-जाने में काफी दिकक्तों को सामना करना पड़ रहा है. बारिश ने शहर के नाले और नालियों की पोल खोलकर रख दी है. नाली का गंदा पानी सड़क पर बह रहा है. कई जगहों पर निचले इलाकों में बारिश का पानी घरों में घुसने के लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है.

माॅनसून की पहली फुहार से किसानों में खुशी

सरायकेला-खरसावां जिला में माॅनसून की बारिश से किसानों में उत्साह देखा जा रहा है. लगातार तीन दिनों से हो रही बारिश के बाद खेतों में पानी लबालब हो गया है. बारिश के बीच क्षेत्र के किसान कृषि कार्य में जुट गये हैं. बारिश थमने के साथ ही धनरोपनी शुरू हो जायेगी. खेतों में धान के बिछड़े भी तैयार हो गये हैं.

बिजली आपूर्ति बाधित

खरसावां में तीन दिनों से हो रही लगातार बारिश का साइड इफेक्ट भी देखने को मिल रहा है. बारिश के साथ ही बिजली की आंखमिचौली भी शुरू हो गयी है. बिजली की नियमित रूप से आपूर्ति प्रभावित हो रही है. मेघ गर्जन के साथ बारिश शुरू होते ही बिजली गुल हो रही है. साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली के लाइन में फॉल्ट होने व इंसुलेटर पंक्चर होने के कारण भी बिजली की आपूर्ति बाधित हो रही है. लगातार बारिश के कारण बिजली मिस्त्रियों को भी फॉल्ट को दुरुस्त करने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.

चांडिल डैम के सात रेडियल गेट खुले

चांडिल में लगातार रुक-रुक कर हो रही झमाझम बारिश से चांडिल डैम का जलस्तर 180.16 मीटर तक पहुंच गया है. इसे देखते हुए विभाग ने डैम के 7 रेडियल गेट खोल दिये हैं. प्रत्येक रेडियल गेट 3.50 मीटर खोला गया है. सातों रेडियल गेट से 1620 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा है. लगातार रुक-रुक कर हो रही झमाझम बारिश में चांडिल अनुमंडल क्षेत्र के सभी नदी-नाले फिर से उफान पर हैं. सुवर्णरेखा नदी, करकरी नदी, बामनी नदी का जलस्तर बढ़ा हुआ है.

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By DEVENDRA KUMAR

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