मरीजों की बढ़ी मुश्किलें, जिले में सिर्फ चार एंबुलेंस चालू हालत में

मरीजों की बढ़ी मुश्किलें, जिले में सिर्फ चार एंबुलेंस चालू हालत में

साहिबगंज में एंबुलेंस कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर, आपात सेवा ठप प्रतिनिधि, साहिबगंज. साहिबगंज (झारखंड) में मंगलवार को 108 एंबुलेंस सेवा से जुड़े सभी कर्मचारी और चालक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए, जिससे जिले की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो गई हैं. यह हड़ताल झारखंड प्रदेश एंबुलेंस कर्मचारी संघ (भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध) के आह्वान पर शुरू हुई है. हड़ताल का सीधा असर आम लोगों, खासकर आपातकालीन चिकित्सा सहायता की आवश्यकता वाले मरीजों पर पड़ रहा है. जिले में कुल 19 एंबुलेंस में से केवल 4 ही अभी सुचारू रूप से चल रही हैं, जिनमें से अधिकांश की स्थिति भी खराब बताई जा रही है. चालक संघ के वरिष्ठ सदस्य मुकेश कुमार के अनुसार, यदि को इमरजेंसी कॉल आती भी है, तो भी कर्मचारी सेवा नहीं देंगे क्योंकि वे पूर्ण हड़ताल पर हैं. कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में सेवा अवधि 60 वर्ष तक सुनिश्चित करना, 26 जून 2025 को किए गए समझौते की सभी शर्तों को लागू करना, वेतन भुगतान में बिचौलियों की भूमिका समाप्त करना, निलंबित कर्मचारियों की बहाली और भ्रष्ट अधिकारियों को पद से हटाना शामिल है. इस हड़ताल के चलते ग्रामीण इलाकों में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में भारी कठिनाई हो रही है. कई परिवार खुद के साधनों से मरीजों को दूरस्थ अस्पतालों तक ले जाने को मजबूर हैं. प्रशासन की ओर से अब तक कोई वैकल्पिक व्यवस्था सामने नहीं आई है, जिससे लोगों की चिंता और बढ़ गई है. अनिश्चितकालीन हड़ताल पर इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन कर्मचारी प्रभात चौधरी, लाल चंद्र चौधरी, राजू कुमार मंडल, रोहित रंजन, मुकेश कुमार मंडल, कृष्ण कुमार पासवान, गंगा कुमार, सुमेश यादव, स्टेनशीला हसदा, सदानंद पंडित, मानीक मंडल, व पायलट विष्णु कुमार चौधरी, नारद सिंह, कुंदन वर्मा, छोटू पंडित, राजू ठाकुर, राजेश कुमार, लंकेश कुमार, हडताल पर मौजूद थे. ———————

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Author: SUNIL THAKUR

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