साहिबगंज. जिले में भीषण गर्मी और उमस का असर लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है. बुधवार को सुबह से ही तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को परेशान किया. मौसम विभाग के अनुसार अधिकतम तापमान लगभग 40 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, लेकिन उमस के कारण लोगों को इससे अधिक गर्मी का एहसास हुआ. दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा छा गया और लोग केवल आवश्यक कार्यों के लिए ही घरों से बाहर निकले. गर्मी का प्रभाव आम नागरिकों के साथ-साथ सरकारी कार्यों पर भी दिखायी दे रहा है. विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर), जनगणना कार्य, आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन तथा अन्य मैदानी गतिविधियों में लगे कर्मचारियों को तेज धूप में काम करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. शिक्षकों को विद्यालय संचालन के साथ बूथ और जनगणना संबंधी अतिरिक्त जिम्मेदारियां निभानी पड़ रही हैं, जिससे उनकी परेशानी बढ़ गयी है. कई शिक्षकों ने कार्य समय को सुबह और शाम के अपेक्षाकृत ठंडे समय में निर्धारित करने की मांग की है. विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने राज्य सरकार और जिला प्रशासन से राहतकारी कदम उठाने की अपील की है. झामुमो के पूर्व जिलाध्यक्ष शाहजहां अंसारी, भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता प्रमोद पांडे, कांग्रेस के पूर्व युवा जिलाध्यक्ष अखलाक नदीम तथा झामुमो के प्रखंड अध्यक्ष अमरदीप सिंह समेत कई सामाजिक कार्यकर्ताओं ने विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों को तत्काल बंद करते हुए गर्मी की छुट्टियां 20 जून तक बढ़ाने की मांग की है. उनका कहना है कि विद्यार्थियों, शिक्षकों और मैदानी कर्मियों के स्वास्थ्य की सुरक्षा सर्वोपरि होनी चाहिए. गर्मी से राहत पाने के लिए लोग गन्ने का रस, नींबू पानी, तरबूज, खीरा और नारियल पानी का सेवन कर रहे हैं. चिकित्सकों ने पर्याप्त पानी पीने, धूप से बचने और हल्का भोजन करने की सलाह दी है. जिलेवासियों को अब बारिश का इंतजार है.
40 डिग्री पार पहुंचा गर्मी का एहसास, जनजीवन अस्त-व्यस्त
स्कूल व आंगनबाड़ी बंद कर सरकारी व गैर सरकारी विद्यालय की छुट्टी को 20 जून तक बढ़ाने की मांग

साहिबगंज (फाइल फोटो)