राजमहल
गर्मी का मौसम शुरू होते ही पानी की समस्या होने लगी है. राजमहल प्रखंड के पश्चिमी जामनगर के छक्कु टोला के पास जल जीवन मिशन के तहत हर घर नल-जल योजना के तहत जलमीनार बनायी गयी है, लेकिन दो साल बीत जाने के बाद भी इससे पानी की आपूर्ति शुरू नहीं हो सका. ग्रामीणों का कहना है कि योजना सिर्फ कागजों पर चल रही है, जबकि नल से अब तक एक बूंद भी पानी नहीं आया. ग्रामीण गौरी कुमारी, दुर्गा कुमारी, अनिमा मंडल, डालिमा कुमारी, नगरदीप मंडल, दीपंकर मंडल, शशि शाह, आनंद शाह, राहुल रजक, राम रजक और लालू रजक ने बताया कि गांव में पानी की भारी समस्या है. लोगों को लगभग 300 मीटर दूर से पानी लाना पड़ता है. यदि जलमीनार से पानी चालू हो जाता तो पानी की इस समस्या का सामना नहीं करना पड़ता. बताया कि इस संबंध में पंचायत के मुखिया को भी जानकारी दी गयी है. उनका आरोप है कि पंचायत में नल-जल योजना का कार्य हुए दो वर्ष हो गये, लेकिन कार्य पूरा नहीं हुआ. सरकार द्वारा जिस उद्देश्य से इस योजना को लागू किया गया है, उसका लाभ आम लोगों तक नहीं पहुंच पा रहा है. ग्रामीणों ने ठेकेदार और जेइ की मिलीभगत से योजना की राशि में गड़बड़ी व अनियमितता का आरोप लगाया है. इस संबंध में मुखिया प्रतिनिधि चिरंजीवी सरकार ने बताया कि उनके पंचायत में 51 जलमीनार का निर्माण किया गया है, लेकिन एक भी जलमीनार चालू नहीं है. कहीं टंकी नहीं लगी है तो कहीं बोरिंग नहीं की गयी है, जब इस बारे में ठेकेदार से बात की गयी तो उसने फंडिंग नहीं होने की बात कही. वहीं जेइ को भी फोन कर समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन हर बार जल्द काम पूरा होने का आश्वासन देकर बात टाल दिया जाता है.
