ओके... बढ़ती गरमी के साथ पेयजल के लिए हाहाकार

संवाददाता, साहिबगंजजिले में बढ़ती गरमी के कारण शहर सहित ग्रामीण क्षेत्र के लोगों की परेशानी बढ़ती ही जा रही है. जलस्तर काफी नीचे चला गया है. जिसके कारण पेयजल के लिए हाहाकार शुरू हो गया है. लोग एक व दो किलोमीटर दूर से डीप बोरिंग वाले चापानल से पीने का पानी लाते हैं. वहीं शहरी […]

संवाददाता, साहिबगंजजिले में बढ़ती गरमी के कारण शहर सहित ग्रामीण क्षेत्र के लोगों की परेशानी बढ़ती ही जा रही है. जलस्तर काफी नीचे चला गया है. जिसके कारण पेयजल के लिए हाहाकार शुरू हो गया है. लोग एक व दो किलोमीटर दूर से डीप बोरिंग वाले चापानल से पीने का पानी लाते हैं. वहीं शहरी क्षेत्र के चापानल, कुआं, पोखर सहित अन्य जलस्त्रोत सुखने लगे हैं. नगर पर्षद क्षेत्र के गुल्ली भटठा, भरतियो कॉलोनी, तालबन्ना, बनियांपट्टी, पटनियां टोला, रसुलपुर दहला, एलसीरोड, चौक बाजार, बनपर टोला, नॉर्थ कॉलोनी, बंगाली टोला, न्यू रोड, कुलीपाड़ा, सकरूगढ़ व जिरवाबाड़ी सहित दर्जनों मुहल्ले का सैकड़ों चापानल व कुआं का जलस्तर कम हो गया है. जिले के 12365 जलस्त्रोत में 50 प्रतिशत चालूजिले में पेयजल के लिए जलस्त्रोत की संख्या 12365 है. लेकिन रख-रखाव व भीषण गरमी के कारण 50 प्रतिशत जल स्त्रोत सुख गया है. इस बाबत पेयजल स्वच्छता विभाग के कार्यपालक अभियंता अनिल प्रसाद ने बताया कि बढ़ती गरमी के कारण जलस्तर नीचे चला गया है. उन्होंने बताया कि विभाग के द्वारा लोगों को पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास किया जा रहा है. उन्होंने बताया कि वर्षा अनियमित होने के कारण जलस्त्रोत की पूर्ति नहीं हो पा रही है. इससे बचने के लिए कुएं में वर्षा के जल को एकत्रित करना होगा. तभी जल के जलस्तर को नीचे जाने से रोका जा सकता है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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