साहिबगंज : आदिवासियों का महापर्व सोहराय रविवार को साकरात व बेजातुन के साथ संपन्न हो गया. इस अवसर पर साहिबगंज महाविद्यालय के आदिवासी छात्रावास के विद्यार्थियों द्वारा समापन समारोह का आयोजन किया गया.
कार्यक्रम का उदघाटन पूर्व मंत्री सह विधायक लोबिन हेंब्रम, डीसी उमेश प्रसाद सिंह, सीएस बी मरांडी ने दीप प्रज्वलित कर किया. इसके पूर्व महाविद्यालय के मुख्य द्वार पर सभी अतिथियों का स्वागत पारंपरिक नृत्य व गीत के साथ किया गया. मौके पर समारोह को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री श्री हेंब्रम ने कहा कि सोहराय आपसी भाईचारा व सौहार्द का त्योहार है.
डीसी उमेश प्रसाद सिंह ने सोहराय पर्व के समापन समारोह के आयोजन के लिए नायकी, पूजा समिति सहित सभी आदिवासियों को धन्यवाद देते हुए कहा कि साहिबगंज कॉलेज अपने आप में एक गरिमा है. सीएस डॉ बी मरांडी ने कहा कि सोहराय यही संदेश देता है कि सभी छात्र-छात्राएं महाविद्यालय की गरिमा बनाये रखें. महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ सिकंदर यादव ने कहा कि हमें अपनी संस्कृति की रक्षा करनी चाहिए. लोगों को चाहिए वे गर्व से कहे कि हम आदिवासी हैं.
इस दौरान आदिवासी छात्र-छात्राओं की टोली मांदर की थाप पर कॉलेज परिसर में झूमती रही. कार्यक्रम को संबोधित करने के बाद प्राचार्या, पूर्व विधायक सहित कई पदाधिकारियों ने भी पैकहा टोली में शामिल होकर पारंपरिक नृत्य संगीत का आनंद उठाया. उसके बाद सभी भोज में भी शामिल हुए. कार्यक्रम में मंच का संचालन लाउस हांसदा ने किया. भोजन के बाद बेजातुक कार्यक्रम के साथ ही सोहराय संपन्न होने की घोषणा की गयी.
