रिम्स निदेशक को सशरीर हाजिर होने का निर्देश

रिम्स में बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के मामले में जवाब दायर नहीं होने पर हाइकोर्ट ने जतायी नाराजगी

रिम्स में बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के मामले में जवाब दायर नहीं होने पर हाइकोर्ट ने जतायी नाराजगी रांची. झारखंड हाइकोर्ट ने रिम्स में बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने और एमआरआइ मशीन सहित अन्य चिकित्सकीय उपकरण को ऑपरेशनल रखने को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई की. जस्टिस रंगन मुखोपाध्याय व जस्टिस दीपक रोशन की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई के दौरान पाया कि कोर्ट के निर्देश के बाद भी प्रतिवादी रिम्स निदेशक की ओर से जवाब दायर नहीं किया गया है. इस पर खंडपीठ ने कड़ी नाराजगी जताते हुए निदेशक को सशरीर उपस्थित होकर जवाब देने का निर्देश दिया. मामले की अगली सुनवाई 10 अप्रैल को होगी. इससे पूर्व प्रार्थी की ओर से अधिवक्ता साैरभ अरुण व अधिवक्ता दीपक कुमार दुबे ने खंडपीठ को बताया कि कोर्ट ने 13 मार्च को रिम्स निदेशक को शपथ पत्र दायर करने का निर्देश दिया था, लेकिन शपथ पत्र दायर नहीं हुआ. कोर्ट ने पूछा था कि रिम्स में एमआरआइ मशीन सहित कितने चिकित्सा उपकरण फंक्शनल हैं और कितने उपकरण अभी खराब हैं. मेडिकल उपकरणों को चलाने के लिए टेक्नीशियन है या नहीं. उल्लेखनीय है कि प्रार्थी ज्योति शर्मा ने जनहित याचिका दायर की है. उन्होंने रिम्स में बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है.

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By Prabhat Khabar News Desk

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