खलारी. डॉ आंबेडकर विचार मंच के संरक्षक मनोज भुइंया ने समाज के सभी जागरूक और सभ्य लोगों से अंधविश्वास, पाखंड, ओझा-गुणी और डायन प्रथा जैसी खतरनाक कुरीतियों के खिलाफ एकजुट होकर इसे समाज से दूर करने की अपील की है. उन्होंने कहा कि इन कुप्रथाओं के कारण आये दिन निर्दोष लोगों की हत्या हो रही है और कई परिवार बर्बाद हो रहे हैं. मनोज भुइंया ने विशेष रूप से अनुसूचित जाति, जनजाति और पिछड़ा वर्ग के लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि ये कुरीतियां समाज को सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक रूप से कमजोर कर रही हैं. उन्होंने कहा कि अंधविश्वास रूपी यह कैंसर समाज के विकास में बड़ी बाधा है, जिसे जड़ से खत्म करना जरूरी है. उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों, प्रशासन और सामाजिक कार्यकर्ताओं से अपील करते हुए कहा कि ओझा-गुणी, भक्त-भक्ताइन और डायन प्रथा से जुड़ी कोई भी सूचना मिलने पर तत्काल सख्त कार्रवाई की जाये और ऐसे लोगों का सामाजिक बहिष्कार किया जाये. साथ ही कहा कि हर जाति और धर्म में कुछ पाखंडी तत्व होते हैं, जो अंधविश्वास को बढ़ावा देते हैं. ऐसे तत्वों की पहचान कर उनके खिलाफ सामूहिक रूप से कदम उठाना आवश्यक है, ताकि समाज को इन कुरीतियों से मुक्त कराया जा सके.
अंधविश्वास व कुरीतियों को दूर करें : मनोज भुइयां
खतरनाक कुरीतियों के खिलाफ एकजुट होकर इसे समाज से दूर करने की अपील की है.
