Ranchi Crime News, रांची: राजधानी रांची की ग्रामीण पुलिस ने उग्रवादी संगठन टीपीसी (TPC) के नाम पर आतंक फैलाने वाले दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है. गिरफ्तार उग्रवादियों की पहचान समरित गंझू उर्फ मलिंगा (हजारीबाग निवासी) और सोनू उरांव (रांची निवासी) के रूप में हुई है. इन लोगों ने बीते 17 अप्रैल को ओरमांझी के एक व्यवसायी से संगठन के नाम पर 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी.
ईरबा गोलचक्कर के पास घेराबंदी कर दबोचा
वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सिल्ली डीएसपी अनुज उरांव के नेतृत्व में गठित टीम ने तकनीकी शाखा की मदद से ईरबा गोलचक्कर स्थित शालीमार नर्सरी के पास छापेमारी की. पुलिस को देखकर दोनों संदिग्ध भागने लगे, जिन्हें टीम ने खदेड़कर पकड़ लिया. तलाशी के दौरान समरित गंझू के पास से एक देशी कट्टा, एक मैगजीन, दो मोबाइल, एक राउटर और धमकी देने में इस्तेमाल किए गए दो सिम कार्ड सहित पावर बैंक बरामद किया गया.
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चार जिलों में फैला था दहशत का जाल
पूछताछ में गिरफ्तार उग्रवादियों ने स्वीकार किया कि वे न केवल ओरमांझी, बल्कि हजारीबाग, रामगढ़ और चतरा के व्यवसायियों को भी धमकाकर लेवी वसूलते थे. मुख्य आरोपी समरित गंझू उर्फ मलिंगा का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है. उसके खिलाफ मांडू, पिपरवार और पतरातु थानों में रंगदारी, आर्म्स एक्ट और उग्रवादी गतिविधियों से जुड़े कई मामले पहले से दर्ज हैं.
कार्रवाई में शामिल टीम
इस सफल अभियान में डीएसपी अनुज उरांव के साथ ओरमांझी थाना प्रभारी शशि भूषण चौधरी, सब-इंस्पेक्टर सतीश कुमार, नितीश कुमार और तकनीकी शाखा के सदस्य शामिल थे. पुलिस अब इनके अन्य सहयोगियों और लेवी नेटवर्क की जांच कर रही है.
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