अंडमान में जीइएल चर्च की कलीसिया महिला संघ का सम्मेलन
संवाददाता, रांचीअंडमान में जीइएल चर्च के कलीसिया महिला संघ के सम्मेलन के दूसरे दिन मॉडरेटर बिशप मार्शल केरकेट्टा ने संबोधित किया. उन्होंने सम्मेलन के मूल वचन आदि में वचन था, वचन परमेश्वर के साथ था और वचन परमेश्वर था के आलोक में अपनी बातें रखी. उन्होंने कहा कि परमेश्वर का वचन शास्वत है. वचन में सामर्थ्य है. उन्होंने कहा कि हमें वचन सुनने की आदत डालने की जरूरत है क्योंकि परमेश्वर का वचन हमारा आत्मिक भोजन है. आत्मिक जीवन के विकास के लिए वचन जरूरी है. इसलिए गिरजाघर में उपस्थित होना जरूरी है. वचन हमारा मार्गदर्शन करता है.
आज के दूसरे वक्ता बिशप सीमांत तिर्की ने ईश्वर की खोज कैसे करें, शारीरिक जीवन में आत्मिक संतुलन बनाये रखने में शब्दों का प्रयोग कैसे हो इस पर विस्तार से जानकारी दी. महासचिव ईश्वर दत्त कंडुलना ने आदिवासियों के इतिहास पर अपनी बातें रखी. रेव्ह सुमित अभय केरकेट्टा ने भारतीय समाज, संस्कृति व महिला सशक्तीकरण में लैंगिक भेदभाव का प्रभाव पर अपने विचार व्यक्त किये. मौके पर साउथ ईस्ट डायसिस की महिलाओं ने कई मसीही भजन प्रस्तुत किये. कार्यक्रम में बिशप लोलस मिंज, बिशप मोहन लाल मंजर, रेव्ह निरल बागे, महिला संघ की सभापति शमा रानी कंडुलना, सचिव रेव्ह शशि रीता कंडुलना सहित अन्य उपस्थित थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
