झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन ने मणिपुर की घटना को देश का काला अध्याय बताया, पीएम मोदी पर भी कसा तंज

मणिपुर में 80 दिनों से चली आ रही हिंसा के बाद एक ऐसा वीडियो वायरल हुआ है, जिसने पूरे देश को शर्मसार कर दिया है. दो आदिवासी महिलाओं को निर्वस्त्र करने के मामले में झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन ने तीखी प्रतिक्रिया दी है.

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मणिपुर में दो आदिवासी महिलाओं के साथ हुई घटना की घोर निंदा करते हुए कहा है कि यह घटना देश के इतिहास में काला अध्याय के रूप में दर्ज किया जायेगा. झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के कार्यकारी अध्यक्ष ने कहा कि 80 दिनों से मणिपुर में अराजकता की स्थिति बनी हुई है. कल एक ऐसा दृश्य सामने आया, जिसको बयां नहीं किया जा सकता. आज जब लोकसभा का सत्र शुरू हो रहा है, तब जाकर हमारी केंद्र की सरकार ने चुप्पी तोड़ी है.

हेमंत सोरेन ने पीएम मोदी पर कसा तंज

हेमंत सोरेन ने आगे कहा कि केंद्र सरकार ने चुप्पी भी कैसी तोड़ी है, उसे आप भी देख रहे हैं और पूरी दुनिया देख रही है. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए कहा कि बहुत दुर्भाग्य की बात है कि एक ओर आप देश को विश्व गुरु बनाने चले हैं. आप देश के सर्वांगीण विकास की बात करते हैं. दुनिया के अलग-अलग देशों में आपका भव्य स्वागत होता है, लेकिन आपके अपने ही देश में राज्यों के अंदर गृह युद्ध छिड़ा हुआ है.

देश हर क्षेत्र में बिखर-सा गया है, अस्त-व्यस्त हो गया है

झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि आप इससे अंदाजा लगा सकते हैं. मणिपुर की घटना तो चल ही रही है, इससे पहले भी आपको याद होगा कि दो राज्य आपस में लड़ चुके हैं. उन्होंने कहा कि अब कौन-कौन लड़ेगा, कहां-कहां लड़ेगा, किसके-किसके साथ लड़ेगा, हम-आप लड़ेंगे, अपने पड़ोसियों से लड़ेंगे या दोस्तों से लड़ेंगे, ये बता पाना बहुत ही कठिन हो गया है. कुल मिलाकर कहा जाये कि देश हर क्षेत्र में बिखर-सा गया है. अस्त-व्यस्त-सा हुआ पड़ा है.

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आदिवासी महिलाओं को निर्वस्त्र करने पर हेमंत सोरेन की प्रतिक्रिया

मुख्यमंत्री श्री सोरेन ने कहा कि विशेष तौर पर मणिपुर की घटना की हम घोर निंदा करते हैं. मुझे लगता है कि आज जिस घटना को लेकर चर्चा हो रही है, ये इस देश के लिए और देश के इतिहास में एक काला अध्याय के रूप में याद किया जायेगा. हेमंत सोरेन पत्रकारों से बातचीत में मणिपुर में दो आदिवासी महिलाओं को निर्वस्त्र कर घुमाये जाने पर बृहस्पतिवार को अपनी प्रतिक्रिया दे रहे थे.

मणिपुर में महिलाओं को निर्वस्त्र घुमाने की घटना पर संसद से कोर्ट तक आक्रोश

मणिपुर के एक गांव में मई महीने में दो महिलाओं को निर्वस्त्र करके घुमाने की घटना पर संसद से लेकर कोर्ट तक ने आक्रोश व्यक्त किया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद के मानसून सत्र के पहले दिन कहा कि इस घटना ने 140 करोड़ देशवासियों को शर्मसार किया है. सुप्रीम कोर्ट ने इसे ‘पूरी तरह अस्वीकार्य’ बताया है. बता दें कि मणिपुर पुलिस ने सेनापति जिले के एक गांव में हुई इस घटना के मुख्य आरोपियों में से एक को गिरफ्तार कर लिया है.

मणिपुर के सीएम ने कहा- मृत्युदंड दिलाने का करेंगे प्रयास

मणिपुर के मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने कहा है कि वह सभी आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे. उनकी सरकार कोशिश करेगी कि दोषियों को मृत्युदंड मिले. 26 सेकेंड का वीडियो सामने आने के पुलिस ने तत्काल कई टीमों का गठन किया और कथित मुख्य साजिशकर्ता को थाउबल जिले से गिरफ्तार किया. वहीं, पीएम मोदी ने भी कहा कि मणिपुर की घटना किसी भी सभ्य समाज को शर्मसार करने वाली है. इस क्रूर घटना के दोषियों को बख्शा नहीं जायेगा.

संसद सत्र से पहले बोले पीएम मोदी मोदी

संसद का मानसून सत्र शुरू होने से पहले, मीडिया को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने देशवासियों को आश्वस्त किया कि इस मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई होगी. कहा, ‘मणिपुर की बेटियों के साथ जो हुआ है. इसके दोषियों को कभी माफ नहीं किया जा सकता है.’

मेरा मन क्रोध से भरा है : पीएम मोदी

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘मैं इस लोकतंत्र के मंदिर के पास खड़ा हूं, तब मेरा हृदय पीड़ा से भरा हुआ है. क्रोध से भरा है. मणिपुर की जो घटना सामने आयी है, वह किसी भी सभ्य समाज को शर्मसार करने वाली है. पाप करने वाले, गुनाह करने वाले कितने हैं, और कौन-कौन हैं, वह अपनी जगह पर है. लेकिन बेइज्जती पूरे देश की हो रही है. 140 करोड़ देशवासियों को शर्मसार होना पड़ रहा है.’

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और मणिपुर सरकार से कहा- फौरन कार्रवाई करें

प्रधानमंत्री ने सभी मुख्यमंत्रियों से अपने-अपने राज्यों में कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने और खासकर महिलाओं की सुरक्षा के लिए कठोर से कठोर कदम उठाने का आग्रह किया. इस मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट ने भी क्षोभ प्रकट किया. चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़, जस्टिस पीएस नरसिम्हा और जस्टिस मनोज मिश्रा की पीठ ने इस वीडियो पर संज्ञान लिया और केंद्र तथा मणिपुर सरकार से फौरन कार्रवाई करने को कहा.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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