रांची: झारखंड लोक सेवा आयोग और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग से जुड़े परीक्षा विवाद का मामला लगातार तूल पकड़ रहा है. पुलिस प्रशासन अब तक 10 आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज चुका है. जांच एजेंसियों को भी कई महत्वपूर्ण जानकारी मिली है. इस मामले पर छात्र सीबीआई जांच कराने और परीक्षा रद्द करने को लेकर आंदोलनरत हैं. सोमवार को लगातार तीसरे दिन बापू वाटिका में छात्र सत्याग्रह में जुटे रहे. छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने बताया कि 29 जुलाई को जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से अल्बर्ट एक्का चौक तक पदयात्रा निकाली जायेगी.
6 अगस्त को होगा विधानसभा घेराव
इसके साथ ही मानसून सत्र के पहले दिन छह अगस्त को झारखंड विधानसभा का घेराव कर सरकार से जेपीएससी व जेएसएससी परीक्षाओं की सीबीआइ जांच कराने तथा विवादित परीक्षाओं को रद्द करने की मांग की जायेगी. उन्होंने कहा कि जब तक छात्रों को न्याय नहीं मिलता और सरकार उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लेती, तब तक आंदोलन चरणबद्ध तरीके से जारी रहेगा. इस अवसर पर विशाल कुमार गौरव, शिल्पी कुमारी, राकेश कुमार, सविता कुमारी, सूर्य प्रकाश कुमार, राजकुमार कश्यप, ममता कुमारी आदि मौजूद थे.
पेपर लीक को लेकर आज राज्यपाल से मिलेगा मोर्चा
झारखंड संयुक्त संघर्ष मोर्चा की बैठक सोमवार को लोक सेवा समिति के अध्यक्ष नौशाद की अध्यक्षता में सीपीआइ कार्यालय, मेन रोड में हुई. बैठक में नीट पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था, जंतर-मंतर पर छात्रों पर लाठीचार्ज और छात्रों के भविष्य पर चर्चा की गयी. वक्ताओं ने इन घटनाओं की निंदा करते हुए 28 जुलाई को प्रस्तावित 24 घंटे का धरना स्थगित करने का निर्णय लिया. इसके बजाय मंगलवार शाम चार बजे लोकभवन में राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा जायेगा. मोर्चा ने चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गयीं, तो आंदोलन तेज किया जायेगा. वहीं शाम पांच बजे अलबर्ट एक्का चौक पर शिक्षा मंत्री के इस्तीफे पर खुशी का इजहार किया जायेगा. बैठक में जफीर खान, शमशुल होदा, एलिना होरो, अजय, गणेश कुमार समेत कई सामाजिक कार्यकर्ता और छात्र नेता मौजूद थे.
जेपीएससी की जांच में आ रही जेएसएससी की शिकायत
रांची. जेपीएससी परीक्षा में कथित गड़बड़ी की जांच कर रही सीआइडी को बड़ी संख्या में शिकायतें और जानकारियां मिल रही हैं. सीआइडी द्वारा जारी मोबाइल नंबर और ई-मेल पर अभ्यर्थी लगातार सूचनाएं भेज रहे हैं. इनमें से महत्वपूर्ण जानकारियों की जांच एसआइटी कर रही है. सूत्रों के अनुसार, जांच के दौरान जेपीएससी के साथ-साथ जेएसएससी की सीजीएल परीक्षा से जुड़े भी कई इनपुट मिले हैं. शिकायतों में आरोप लगाया गया है कि सीजीएल परीक्षा के दौरान रांची के होटल जेड स्क्वायर समेत कोलकाता और पटना के कुछ होटलों में अभ्यर्थियों को प्रश्न बताये गये थे.
अभय तिवारी के करीबी भी CID के रडार पर
सीआइडी इन आरोपों की भी पड़ताल कर रही है. शिकायतों में पलामू के छतरपुर निवासी संतोष कुमार सिंह का नाम भी सामने आया है. आरोप है कि वह अभय तिवारी का करीबी था और क्षेत्र में अभ्यर्थियों से संपर्क करता था. संतोष कुमार सिंह का वर्ष 2021 में जेएसएससी के माध्यम से हाइस्कूल शिक्षक के पद पर चयन हुआ था. उसकी नियुक्ति दिव्यांग प्रमाणपत्र के आधार पर हुई थी. इसके अलावा हिनू क्षेत्र के कुछ लोगों के नाम भी सीआइडी को मिले हैं, जिन पर अभय तिवारी के करीबी होने का आरोप लगाया गया है. इधर, सीआइडी अभय तिवारी के बैंक खातों में हुए लेन-देन की भी जांच कर रही है. एजेंसी यह पता लगा रही है कि किन लोगों से उसके खाते में राशि आयी और उसका उद्देश्य क्या था.
साथ ही अभय तिवारी के भाई अक्षय तिवारी और उसकी पत्नी सुषमा पांडेय की नौकरी से जुड़े तथ्यों की भी जांच की जा रही है. सुषमा पांडेय का चयन सीजीएल परीक्षा के माध्यम से मंत्रिमंडल सचिवालय एवं निगरानी विभाग में सहायक प्रशाखा पदाधिकारी (एएसओ) के रूप में हुआ था. बताया जा रहा है कि अभय तिवारी की गिरफ्तारी के बाद से वह अवकाश पर हैं.
