Jharkhand Coronavirus Update : रांची स्टेशन पर कोरोना गाइडलाइन की उड़ रही है धज्जियां, जांच के लिए सिर्फ एक थर्मल स्कैनर, सोशल डिस्टैंसिंग भी खत्म

रांची रेल मंडल से वर्तमान में रोजाना 41 जोड़ी ट्रेनों का परिचालन हो रहा है. अगर एक ट्रेन में हजार यात्री ही सफर करते हैं, तो औसतन 41 हजार यात्री प्रतिदिन रांची रेलवे स्टेशन से गुजरते हैं. पहले यहां थर्मल स्कैनिंग के तीन काउंटर बनाये गये थे. जहां आने-जाने वाले यात्रियों के शरीर के तापमान की जांच की जाती थी.

रांची : कोरोना संक्रमण को लेकर रेल यात्रियों में भी भय नहीं दिख रहा. रांची रेलवे स्टेशन पर रोजाना बिना मास्क के सैकड़ों यात्री नजर आते हैं. सोशल डिस्टेसिंग का पालन तो यहां दूरी की बात है. वहीं, पूर्व में जिला प्रशासन की ओर से रेलवे स्टेशन पर कोरोना के बचाव के लिए चाक-चौबंद व्यवस्था की गयी थी, अब वह भी नदारद है.

रांची रेल मंडल से वर्तमान में रोजाना 41 जोड़ी ट्रेनों का परिचालन हो रहा है. अगर एक ट्रेन में हजार यात्री ही सफर करते हैं, तो औसतन 41 हजार यात्री प्रतिदिन रांची रेलवे स्टेशन से गुजरते हैं. पहले यहां थर्मल स्कैनिंग के तीन काउंटर बनाये गये थे. जहां आने-जाने वाले यात्रियों के शरीर के तापमान की जांच की जाती थी.

अब यह प्रक्रिया भी महज खानापूर्ति बन कर रह गयी है. फिलहाल, यहां रेलवे की ओर से थर्मल स्कैनिंग के लिए मात्र एक काउंटर बनाया गया है. यात्री काउंटर के पास खड़े हुए, तो जांच की जाता है, वरना ज्यादातर यात्री भीड़ का हिस्सा बन जाते हैं. रांची से जानेवाले यात्रियों की थर्मल स्कैनिंग की जाती है, जबकि आनेवाले हजारों यात्री बिना जांच के ही आते हैं. पूर्व में लाइन लगा कर यात्रियों को प्रवेश कराया जाता था. सोशल डिस्टैंसिंग भी रहती थी, यह व्यवस्था भी अब खत्म हो गयी है.

रेलवे स्टेशन पर नहीं है रोक-टोक, जांच के नाम पर खानापूर्ति

जाने वाले कुछ यात्रियों की हो रही जांच, आनेवालों की नहीं

41,000 यात्री रोजाना औसतन गुजरते हैं रांची रेलवे स्टेशन से

Posted By : Sameer Oraon

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