रांची से सतीश कुमार की रिपोर्ट
Ranchi News: हजारीबाग वन भूमि घोटाला मामले के आरोपी आईएएस विनय विनय चौबे की जमानत याचिका पर झारखंड हाईकोर्ट ने फैसला सुना दिया है. जस्टिस एआर चौधरी की अदालत ने विनय चौबे को बेल देने से इंकार करते हुए उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी है. इससे पहले कोर्ट ने सभी पक्षों को सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था.
क्या है मामला?
हजारीबाग वन भूमि घोटाला मामले में आरोपी विनय चौबे के खिलाफ हजारीबाग एसीबी ने कांड संख्या 11/2025 दर्ज की है. आरोप है कि विनय चौबे हजारीबाग में डीसी पद पर रहने के दौरान वन विभाग की भूमि के पांच प्लॉटों की अवैध तरीके से जमाबंदी की थी. यह जमीन गैरमजरूआ खास जंगल झाड़ी के रूप में दर्ज है. वन संरक्षण अधिनियम के अनुसार, भारत सरकार की अनुमति के बिना ऐसी भूमि का उपयोग गैर-वानिकी कार्यों के लिए नहीं किया जा सकता. आरोप है कि अधिकारियों और खरीदार विनय सिंह ने मिलकर एक आपराधिक साजिश रची और नियम विरुद्ध तरीके से जमीन का मालिकाना हक बदलवाया.
2013 में हुआ खुलासा
मामला उजागर होने के बाद वर्ष 2013 में ही सभी अवैध जमाबंदियों को रद्द कर दिया गया था, जिसे राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने भी सही माना था. एसीबी ने प्रारंभिक जांच में पुष्टि होने के बाद 25 सितंबर 2025 को सरकार से अनुमति प्राप्त की और हजारीबाग थाना कांड संख्या 11/25 के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी.
यह भी पढ़ें: हजारीबाग: भीषण सड़क हादसे में एयर फोर्स के जवान की दर्दनाक मौत, हैदराबाद से बेटी को देखने आए थे गांव
यह भी पढ़ें: झारखंड ट्रेजरी स्कैम: 31.47 करोड़ की अवैध निकासी, DSP से लेकर सिपाही तक ने एक ही माह में 2-2 बार उठाया वेतन
