Festival News : 31 मार्च को उपवास और एक अप्रैल को सरहुल की शोभायात्रा

केंद्रीय सरना समिति (फूलचंद तिर्की ग्रुप) की बैठक मंगलवार को कचहरी परिसर स्थित आरटीआइ परिसर में हुई. बैठक में सरहुल शोभायात्रा की तैयारियों पर चर्चा हुई.

रांची (संवाददाता). केंद्रीय सरना समिति (फूलचंद तिर्की ग्रुप) की बैठक मंगलवार को कचहरी परिसर स्थित आरटीआइ परिसर में हुई. बैठक में सरहुल शोभायात्रा की तैयारियों पर चर्चा हुई.

समिति के अध्यक्ष फूलचंद तिर्की ने कहा कि इस वर्ष भी धूमधाम से सरहुल की शोभायात्रा निकाली जायेगी. इस अवसर पर 31 मार्च को श्रद्धालु उपवास रखेंगे एवं पूजा के लिए केकड़ा तथा मछली पकड़ेंगे. एक अप्रैल चैत्र शुक्ल तृतीया को सुबह में पूजा होगी, जिसके बाद शोभायात्रा निकाली जायेगी. तीन अप्रैल को फूलखोंसी का आयोजन होगा.

प्रकृति पूजक आदिवासियों का सबसे बड़ा त्योहार

फूलचंद तिर्की ने कहा कि सरहुल हम प्रकृति पूजक आदिवासियों का सबसे बड़ा त्योहार है. शोभायात्रा के दौरान आदिवासी समुदाय की रूढ़ीवादी परंपरा और संस्कृति की झलक दिखेगी. समिति के महासचिव संजय तिर्की ने मांग रखी कि सरहुल पर्व के अवसर पर सरकार विधि व्यवस्था दुरुस्त करे. इसके अलावा केंद्रीय सरना स्थल सिरमटोली को अतिक्रमण मुक्त हो. समिति के संरक्षक बलकु उरांव ने कहा कि सरहुल पूजा को लेकर जल्द ही समिति का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री से मिलेगा. बैठक में समिति के सरंक्षक भुवनेश्वर लोहरा, उपाध्यक्ष प्रमोद एक्का, सचिव विनय उरांव, सोहन कच्छप, अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद के अध्यक्ष सत्यनारायण लकड़ा, अजय लिंडा एवं अन्य शामिल थे.

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