रांची : पलामू के पीपरा थाना क्षेत्र स्थित बाजार में पीपरा प्रखंड प्रमुख के पति मोहन गुप्ता और फल व्यवसायी सूरज कुमार सोनी हत्याकांड में पुलिस को अहम सुराग मिले हैं. पुलिस के अनुसार, घटना में नक्सली अरविंद मुखिया और नितेश के दस्ते की संलिप्तता की बात सामने आयी है. औरंगाबाद (बिहार) के चकरबंदा से आये नक्सली अरविंद मुखिया और नितेश ने स्थानीय नक्सली संजय उरांव उर्फ संजय बुधराम के सहयोग से घटना को अंजाम दिया. घटना को अंजाम देने के लिए रेकी और सहयोग करने में दो-तीन स्थानीय लोगों ने भी मदद की है, उनकी पहचान कर ली गयी है. उनकी तलाश में छापेमारी की जा रही है. आरोपियों के पकड़े जाने के बाद ही हत्याकांड की मूल वजह का खुलासा हो सकेगा.
मोहन गुप्ता पहले नक्सलियों के कैडर में था : प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला है कि मारा गया मोहन गुप्ता पहले नक्सलियों के कैडर में था. बाद में उसने कैडर छोड़ दिया था. इस वजह से नक्सली नाराज थे.
पुलिस को आशंका है कि हमले के पीछे संगठन से अलग होने की बात हो सकती है. 23 नवंबर 2019 को नक्सलियों ने अंधाधुंध फायरिंग की थी. इस वारदात में मोहन गुप्ता और सूरज कुमार सोनी की मौत हो गयी थी. वहीं, व्यवसायी आकाश कुमार सोनी और राजकुमार सोनी घायल हो गये थे. घटना के बाद नक्सलियों ने पर्चा भी छोड़ा था. घटना के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी थी.
