रांची : डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव में आदिवासी छात्र संघ समर्थित प्रत्याशियों ने चार पदों पर जीत हासिल की है. वहीं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी)के सिर्फ एक प्रत्याशी को अध्यक्ष पद पर जीत मिली है.
हंगामे के कारण चुनाव का परिणाम शुक्रवार देर रात जारी किया गया. उप सचिव के पद पर एसीएस और विद्यार्थी परिषद समर्थित प्रत्याशियों के जीत का अंतर मात्र छह वोट रहा. जीते हुए प्रत्याशियों को कुलपति कक्ष में प्रमाण पत्र दिया गया. इसके पहले हंगामे के कारण मतगणना सुबह 11 बजे शुरू हुई जो देर रात तक चली. मतगणना के शुरुआती दो राउंड में एबीवीपी समर्थित प्रत्याशी सभी पदों पर लीड कर रहे थे, लेकिन पांचवें राउंड के बाद स्थिति पलट गयी.
अध्यक्ष पद पर जीते एबीवीपी के प्रत्याशी ने विवि के सुरक्षाकर्मी से लिया प्रमाण पत्र
छात्र संघ चुनाव का फाइनल परिणाम जारी होने के बाद अध्यक्ष पदक पर एबीवीपी समर्थित प्रणव कुमार ने जीत दर्ज की. वहीं आदिवासी छात्र संघ समर्थित अभिषेक मिंज ने उपाध्यक्ष, अमनदीप मुंडा सचिव, अरविंद लकड़ा उप सचिव और बसंत उरांव ने संयुक्त सचिव पद पर जीत हासिल की है.
डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी विवि छात्र संघ चुनाव की काउंटिंग के दिन जमकर हंगामा हुआ. रिकाउंटिंग को लेकर एबीवीपी ने विरोध जताया. इस दौरान अध्यक्ष पद पर जीते प्रत्याशी ने विरोध में विवि के सुरक्षाकर्मी से प्रमाण पत्र हासिल किया.
303 मतदाताओं ने किया नोटा का इस्तेमाल
चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए कुल 3100 वोटों की गिनती की गयी. 27 वोट नोटा को डाले गये थे. वहीं 22 मतों को अवैध घोषित कर दिया गया. उपाध्यक्ष के लिए 42 मतदाताओं ने नोटा का प्रयोग किया था, जबकि 99 वोट अवैध रहे. 39 वोट को इस पद के लिए कास्ट नहीं किया गया.
सचिव पद के लिए 47 मतदाताओं ने नोटा का इस्तेमाल किया, जबकि 15 वोट अवैध रहे और पांच कास्ट नहीं किया गया. उप सचिव पद के लिए 95 मतदाताओं ने नोटा का प्रयोग किया. आठ वोट अवैध रहे और आठ वोट को कास्ट नहीं किया गया. वहीं संयुक्त सचिव पद के लिए 92 मतदाताओं ने नोटा का प्रयोग किया. नौ वोट अवैध रहे और पांच को कास्ट नहीं किया गया.
उप सचिव पद पर जीत का अंतर सिर्फ छह वोट रहा
सबसे कड़ा मुकाबला उप सचिव पद के लिए हुआ. सिर्फ छह वोट से जीत-हार का फैसला हुआ. एसीएस समर्थित अरविंद लकड़ा को 950 वोट मिले, वहीं विद्यार्थी परिषद समर्थित आयुष पांडे 944 वोट के साथ दूसरे स्थान पर रहे.
देर रात होता रहा हंगामा, कुलपति का घेराव : अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के सदस्यों ने रिकाउंटिंग के लिए विवि के कुलपति डॉ सत्यनारायण मुंडा के कक्ष में जाकर हंगामा किया. कुलपति के वाहन के सामने धरना पर बैठ गये.
