रांची : केंद्र सरकार ने झारखंड के दस जिलों को सूखाग्रस्त घोषित किया है. राज्य में बारिश और धनरोपनी की स्थिति को देखते हुए सरकार ने उक्त निर्णय लिया.
इधर, राज्य में सूखा को लेकर गठित विकास आयुक्त सुखदेव सिंह की अध्यक्षतावाली कमेटी की बैठक बुधवार को हुई. इसमें तय किया गया कि जिन जिलों को केंद्र सरकार ने प्रारंभिक तौर पर सूखाग्रस्त घोषित किया है, उसकी जमीनी रिपोर्ट भारत सरकार को भेजी जायेगी. इसके बाद वहां से केंद्रीय टीम सूखे की स्थिति का आकलन करने आयेगी.
12 लाख किसानों को राहत
केंद्र सरकार की इस पहल से 10 जिलों के करीब 12 लाख किसानों को राहत मिलेगी. सर्वाधिक सूखाग्रस्त जिला बोकारो को घोषित किया गया है. राज्य के नौ जिले चतरा, देवघर, गढ़वा, गिरिडीह, गोड्डा, हजारीबाग, जामताड़ा, कोडरमा और पाकुड़ को माध्यम श्रेणी में शामिल किया गया है.
झारखंड सरकार ने रांची, दुमका और लातेहार को भी सूखाग्रस्त जिले में शामिल करने का आग्रह केंद्र सरकार से किया है. सूखाग्रस्त होने का आकलन एक अगस्त से चार सितंबर के दौरान हुई बारिश के आधार पर केंद्र सरकार ने किया है. कृषि सचिव पूजा सिंघल ने बताया कि वर्तमान खरीफ मौसम में बारिश की स्थिति देखते हुए राज्य सरकार ने केंद्र से झारखंड को सुखाड़ राज्य घोषित करने का आग्रह किया था.
सूखाग्रस्त जिलों की स्थिति
जिला बारिश धनरोपनी
(कमी %) प्रतिशत
बोकारो 30 45
चतरा 45 80
देवघर 44 64
गढ़वा 56 73
गिरिडीह 34 71
गोड्डा 60 45
हजारीबाग 39 45
पाकुड़ 55 53
कोडरमा 28 72
जामताड़ा 22 69
